ऋचा ने आंदोलन को धार देने के लिए कुलपति द्वारा तय किये गए 4 जुलाई का दिन चुना है। उस दिनकुलपति 5 छात्रों से मिलेंगे, जिनसे पीजीएटी की अनियमिताओं की जानकारी लेंगे पर वो छात्र नेताओं से नही मिलंगे। इसके विरोध में ऋचा पुरे शहर में माइक मीटिंग कर छात्रों के आलावा अभिभावाको को कैम्पस में इकठ्ठा करने की कोशिश कर रही हैं। उन अभिभावको पर ज्यादा जोर दिया जा रहा है जिनके बच्चे यहां के बजाए बाहर पढ़ने जा रहे हैं। ऋचा यह बता रही है की विवि के शिक्षा के स्तर में गिरावट आई है क्योंकि विवि प्रशासन कैम्पस के शैक्षिक माहौल को नहीं बरकरार रख पा रहा है। अपराधिक छवि वाले छात्रों का संरक्षण दिया जा रहा है इससे यहाँ के लोग अपने बच्चों को बाहर भेज रहे हैं।