
सेंटर के बाहर 4-5 बोरी में रखे है पोषण आहार, फरवरी का है पैकिंग
रायगढ़. आंगनबाड़ी कार्यकर्ता संघ की हड़ताल व पोषण आहार वितरण में हो रही बाधा के बीच विभाग ने तामझाक के साथ चक्रधर नगर क्षेत्र के सेठी नगर केंद्र का ताला तोड़ा।
पर्यवेक्षक ने ताला तोड़ कर उसकी जिम्मेदारी संजय नगर की कार्यकर्ता को दी। पर एक माह बितने के बाद भी केंद्र में पड़े पोषण आहार का वितरण नहीं किया गया। ऐसी स्थिति में केंद्र के बाहर 4 बोरी में रेडी टू ईट के साथ मुरा लड्डू को ढेर लगा हुआ है। स्थानीय लोगों की माने तो केंद्र का ताला टूटने व नया प्रभार सौंपने के बावजूद कभी-कभार ही केंद्र खुलता है। ऐसे में, बच्चों के पठन-पाठन के साथ ही पोषण आहार के वितरण पर ग्रहण लगना स्वभाविक है। जिसपर जिम्मेदार अधिकारी भी मौन है।
चक्रधर नगर क्षेत्र के सेठी नगर स्थित आंगनबाड़ी केंद्र में रेडी टू ईट व मुर्रा लड्डू का वितरण के अभाव में ढेर लगा हुआ है। मिली जानकारी के अनुसार चक्रधर नगर क्षेत्र की पर्यवेक्षक नेहा अग्र्रवाल द्वारा 22 मार्च को सेठी नगर स्थित बंद आंगनाबड़ी केंद्र का ताला तोड़ा गया। यह स्थिति तब उत्पन्न हुई।
जब छत्तीसगढ़ जुझारु आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व सहायिका संघ की प्रदेशव्यापी हड़ताल चल रही थी। सेठी नगर स्थित केंद्र का संचालित, रायगढ़ जिले से इस हड़ताल की अगुवाई कर रही थी। बच्चों के पठनपाठन के साथ ही पोषण आहार के वितरण पर ग्रहण लगने की खबरों के बीच महिला बाल विकास विभाग ने सख्त कदम उठाते हुए केंद्र का ताला तोडऩे का आदेश दिया। वहीं उक्त केंद्र की नई जिम्मेदारी, पास के मुहल्ले संजय नगर की कार्यकर्ता महिमा देवांगन को दी गई।
जिससे बच्चों का केंद्र में आवागमन के साथ ही हितग्राहियों को पोषण आहार का वितरण किया जा सके। विभाग की यह कवायद महज कागजों में ही सिमट गई। स्थानीय लोगों की माने तो जब से कार्यकर्ता व सहायिका का हड़ताल चल रहा है। तब से केंद्र लगातार बंद है। 22 अप्रैल को ताला तोड़ कर नया प्रभार दिया गया। पर उसके बावजूद कभी कभार ही केंद्र खुलता है। ऐसे में, रेडी टू ईट व मुर्रा लड्डू का वितरण पर ग्रहण लगना स्वभाविक है।
फरवरी की पैकिंग वाला पैकेट भी मौजूद
केंद्र के बाहर 4-5 बोरी रेडी टू ईट की खेप रखी गई है। जिसमें एक बोरी में फरवरी माह के पैकिंग वाले रेडी टू ईट है। जिसका बैच नंबर 106 औप पैकिंग तिथी 26 फरवरी दर्ज की गई है। इसी तरह मार्च व अप्रैल माह का भी रेडी टू ईट बड़ी बोरियों में रखी गई है। इसके साथ ही मुर्रा लड्लू भी कुछ बोरियों में रखी गई है।
जानकारों की माने तो प्रत्येक माह के पहले व तीसरे मंगलवार को पोषण आहार का वितरण किया जाता है। जरुरत के हिसाब से ही उसकी खेप मंगाई जाती है। पर 4-5 बोरी में रखे रेडी टू ईट इस बात को प्रमाणित कर रहा है कि उक्त केंद्र में पिछले 2 माह से पोषण आहार की सप्लाई नहीं हो रही है।
Published on:
01 May 2018 07:18 pm
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