28 जनवरी 2026,

बुधवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

ऑनलाइन ठगी का शिकार हुई मासूम महिला, क्रेडिट कार्ड चार्ज खत्म करने का झांसा देकर खाते से 75 हजार पार

ऑनलाइन ठगी करने वाले अक्सर ओटीपी पूछते हैं। ओटीपी नंबर बताने पर ही आपके बैंक खाते से राशि निकाल सकते हैं। ठगी से बचने के लिए अनजान लोगों को किसी भी तरह की ओटीपी नंबर, पासवर्ड या पिन नंबर नहीं बताना चाहिए।

less than 1 minute read
Google source verification
.

Were victims of online thugs, got back three and a half lakhs

डीडीनगर इलाके में एक महिला से ऑनलाइन ठगी हो गई। साइबर ठगों ने उन्हें उनके क्रेडिट कार्ड पर हर माह चार्ज लगने और उस चार्ज को खत्म करने का झांसा दिया। महिला उसके झांसे में आ गई और उसने ऑनलाइन प्रोसेस के नाम पर उनसे ओटीपी पूछ लिया। ओटीपी बताते ही उनके बैंक खाते से 70 हजार रुपए से अधिक की राशि निकल गई। शिकायत पर पुलिस ने अज्ञात ठगों के खिलाफ धोखाधड़ी का मामला दर्ज कर लिया है।

पुलिस के मुताबिक सालासर ग्रीन सरोना निवासी रंजिता अग्रवाल के पास अज्ञात व्यक्ति ने फोन किया और खुद को क्रेडिट कार्ड कंपनी का कर्मचारी बताया। उसने महिला को बताया कि उनके क्रेडिट कार्ड में चार्ज के रूप में हर माह 2400 रुपए लग रहा है। इसे हटाना चाहते हैं क्या? महिला इस पर राजी हो गई। इसके बाद आरोपी ने कुछ ऑनलाइन प्रोसेस शुरू किया और इस दौरान उनसे बैंक खाता, क्रेडिट कार्ड संबंधी जानकारी ली। इसके कुछ देर बार उनके मोबाइल में ओटीपी नंबर आया। ठग ने उनसे ओटीपी नंबर पूछा। जैसे ही महिला ने ओटीपी नंबर बताया वैसे ही उनके एसबीआई बैंक खाते से 75 हजार 144 रुपए निकल गए। इसका मैसेज आते ही उन्हें ठगी का एहसास हुआ। उन्होंने डीडी नगर थाने में इसकी शिकायत की। पुलिस ने अज्ञात ठग के खिलाफ धोखाधड़ी का अपराध दर्ज कर विवेचना में लिया है।

अनजान लोगों को न बताएं ओटीपी
ऑनलाइन ठगी करने वाले अक्सर ओटीपी पूछते हैं। ओटीपी नंबर बताने पर ही आपके बैंक खाते से राशि निकाल सकते हैं। ठगी से बचने के लिए अनजान लोगों को किसी भी तरह की ओटीपी नंबर, पासवर्ड या पिन नंबर नहीं बताना चाहिए। ऑनलाइन ठगी में माहिर झारखंड का जामताड़ा गैंग इस तरह की ठगी ज्यादा करते हैं।