
खतों के जरिए सामने आई पीड़ा: माओवादी दंश के तीन सच, जो बदल गए अब कहानी में
रायपुर. छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित जिले बीजापुर में नक्सलियों ने सीपीआरएफ के गश्ती दल पर हमला बोल दिया। इस हमले में सीआरपीएफ के चार जवान शहीद हो गए। अन्य दो जवान गंभीर रूप रूप से घायल हो गए हैं। घायलों को बासागुड़ा अस्पताल में भर्ती किया गया है। बतादें कि छत्तीसगढ़ के बीजापुर में पहले चरण के तहत 12 नवंबर को विधानसभा चुनाव होने वाले हैं।
बतादें कि खुफिया विभाग ने नक्सलियों द्वारा विधानसभा चुनाव को प्रभावित करने की संभावना जताई थी। खुफिया विभाग ने मिले इनपुट के अनुसार चुनावी दौरे, सभा अथवा जनसंपर्क के दौरान प्रत्याशियों को निशाना बनाने की आशंका जताई थी।
नक्सलियों ने चुनाव बाधित करने के लिए आक्रामक रुख अख्तियार किया है। मिले इनपुट के मुताबिक मतदाताओं को धमकी देने, मतदान दलों और सुरक्षाबलों पर हमला करने के साथ ही मतदान सामग्री और मशीन लूटने की योजना बनाई है।
नक्सलियों ने चुनाव बहिष्कार की चेतावनी देते हुए लोगों को मतदान नहीं करने को कहा है। उन्होंने चुनाव संबंधी किसी भी गतिविधि में शामिल होने पर जान से मारने की धमकी भी दी है। इसके पोस्टर-बैनर भी बस्तर क्षेत्र के अंदरूनी इलाकों में लगाए गए थे। बाद में पुलिस ने इन्हें जब्त किया था।
इन घटनाओं के बाद खुफिया विभाग ने स्थानीय लोगों से जानकारी जुटाई, जिसमें माओवादियों द्वारा विधानसभा चुनाव लडऩे वाले प्रत्याशियों पर हमला करने की सनसनीखेज सूचना सामने आई। बता दें कि माओवादी हिंसा प्रभावित बस्तर संभाग और राजनांदगांव जिले के 50 से अधिक मतदान केंद्र ऐसे हैं जहां 0 से 25 फ़ीसदी ही मतदान होता है।
Updated on:
27 Oct 2018 07:01 pm
Published on:
27 Oct 2018 07:01 pm
