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छत्तीसगढ़ में मिशन-65 का लक्ष्य हासिल करने रायपुर आएंगे अमित शाह

भाजपा ने छत्तीसगढ़ में मिशन-65 का लक्ष्य हासिल करने के लिए नैनो मैनेजमेंट की रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है

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amit shah

छत्तीसगढ़ में मिशन-65 का लक्ष्य हासिल करने रायपुर आएंगे अमित शाह

भाजपा ने छत्तीसगढ़ में मिशन-65 का लक्ष्य हासिल करने के लिए नैनो मैनेजमेंट की रणनीति पर काम करना शुरू कर दिया है। भाजपा अध्यक्ष अमित शाह की अगुवाई में इसका खाका तैयार किया गया है। इसके तहत बूथों को चार श्रेणियों ए-बी-सी-डी में बांटा गया है। प्रदेश में पहली बार यह प्रयोग होगा। ‘ए’ श्रेणी में सबसे मजबूत और ‘डी’ में सबसे कमजोर बूथों को रखा गया है।

राहुल जैन@रायपुर. भाजपा अब कार्यकर्ताओं को ए-बी-सी-डी पढ़ाकर डी श्रेणी को बी और ए श्रेणी में लाने की सीख दे रही है। चुनाव से पहले इस लक्ष्य को हासिल करने के लिए पार्टी ने अपने मोर्चा-प्रकोष्ठों की सारी ताकत लगा दी है। उन्हें अलग-अलग जिम्मेदारी सौंपी गई है। जिन विधानसभा क्षेत्रों में पार्टी की स्थिति ज्यादा मजबूत नहीं है, ऐसी सीटों पर नए तरीके से काम हो रहा है। खास बात यह है कि इसके पार्टी ने कुछ मोर्चा-प्रकोष्ठों का दायरा भी बढ़ा दिया है। यानी मोर्चा के अंदर कई अन्य संगठनों का गठन किया जा रहा है, ताकि चुनाव के समय पार्टी के पास कार्यकर्ताओं की कमी नहीं रहे।

भाजपा बूथों को मजबूत करने लम्बे समय से प्रयास कर रही है। कमजोर बूथों पर सबसे पहले समयदानी कार्यकर्ताओं को भेजा था। इसके लिए कुछ बूथों को मिलाकर शक्ति केंद्रों का गठन किया गया। इन शक्ति केंद्रों के प्रभारियों को संबोधित करने अमित शाह २१ सितम्बर को रायपुर आएंगे। इसके अलावा हर बूथ पर चार लोगों की तैनाती की गई है। इसमें से बूथ पालक के रूप में सक्रिय कार्यकर्ताओं को शामिल किया गया है। पन्ना प्रभारियों की भी नियुक्ति की जा रही है।

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मोर्चा के अंदर कई अन्य संगठनों का गठन किया जा रहा है, ताकि चुनाव के समय पार्टी के पास कार्यकर्ताओं की कमी नहीं रहे।

बूथों की रणनीति तैयार करने में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमित शाह का सबसे अहम रोल है। जब वे पहली बार छत्तीसगढ़ आए थे, तो सबसे कमजोर बूथों की ही समीक्षा की थी। इस दौरान पार्टी ने करीब १८०० कमजोर बूथों को चिह्नांकित किया था। इसके बाद ही पार्टी ने ‘सबसे मजबूत बूथ हमारा बूथ’ का नारा देकर अपना काम शुरू किया था। पार्टी फिलहाल अटल दूतों के बहाने प्रत्येक मतदाता के घर तक पहुंचने का लक्ष्य बनाकर काम कर रही है।

भाजपा ने चौथी जीत के लिए निचले स्तर पर फोकस कर काम करना शुरू किया है। पार्टी के पास आज उन सभी हितग्राहियों की सूची है, जो किसी-न-किसी रूप में सरकारी योजनाओं से लाभान्वित हुए हैं। यह सूची सभी बूथों तक पहुंच गई है। भाजपा के बूथ प्रभारी, पन्ना प्रभारी और बूथ की टोलियों को निर्देश दिए गए हैं कि सरकार की ऐसी योजनाएं जिनमें लोगों को व्यक्तिगत फायदा मिला है, उनके लाभार्थियों तक पहुंचकर लाभ गिनाए जाएं और पार्टी के पक्ष में जोड़ा जाए।

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