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रात में डायलिसिस, दिन में शूटिंग और फिर कान्स तक पहुंची आरजे बस्तर, डॉयरेक्टर ने शेयर की दर्द की दास्तां

Chhattisgarh Film: बस्तर की मिट्टी से निकली कहानी का दुनिया के सबसे बड़े फिल्म मार्केट प्लेटफॉर्म तक पहुंचना छत्तीसगढ़ के लिए बड़ी उपलब्धि है। पत्रिका ने डॉयरेक्टर से चर्चा कर उनके अनुभव जाने

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Chhattisgarh Film, director manish manikpuri

आरजे बस्तर फिल्म के डॉयरेक्टर ​मनिष मानिकपुरी ( Photo - Patrika )

Chhattisgarh Film: ताबीर हुसैन. बस्तर में शूट हुई फिल्म ‘आरजे बस्तर’ ने अंतरराष्ट्रीय मंच पर अपनी मौजूदगी दर्ज कराई है। निर्देशक मनीष मानिकपुरी की इस फिल्म की स्क्रीनिंग रविवार रात भारतीय समयानुसार 9.15 बजे प्रतिष्ठित ‘मार्शे दु कान्स’ में हुई। बस्तर की मिट्टी से निकली कहानी का दुनिया के सबसे बड़े फिल्म मार्केट प्लेटफॉर्म तक पहुंचना छत्तीसगढ़ के लिए बड़ी उपलब्धि माना जा रहा है। लेकिन इस उपलब्धि के पीछे संघर्ष, दर्द और जुनून की ऐसी कहानी छिपी है, जिसने हर किसी को भावुक कर दिया है।

Chhattisgarh Film: 24 दिनों में शूट हुई पूरी फिल्म

फिल्म की शूटिंग महज 24 दिनों में पूरी हुई, जबकि इसी दौरान मनीष मानिकपुरी हर दूसरे दिन डायलिसिस से गुजर रहे थे। दिनभर कैमरे और कलाकारों के बीच शूटिंग चलती थी तो रात अस्पताल और मशीनों के सहारे बीतती थी। उन्होंने बताया कि बस्तर शेड्यूल के दौरान जगदलपुर में डायलिसिस की व्यवस्था की गई थी। शाम को शूटिंग खत्म होने के बाद 2 से 3 घंटे का सफर तय कर वे रात 10 बजे डायलिसिस के लिए पहुंचते थे। रात 1 बजे प्रक्रिया खत्म होती, फिर बेस कैंप लौटते-लौटते 3 बजे जाते और सुबह 5 बजे फिर शूटिंग कॉल टाइम होता था।

टीम और पत्नी के साथ से आसान हुई राह

मनीष कहते हैं, डायलिसिस पिछले तीन साल से चल रही है, लेकिन सिनेमा और मेरे बीच यह कभी नहीं आई। मैंने कभी नहीं माना कि बीमारी मेरे काम के रास्ते में रुकावट बन सकती है। उन्होंने इस पूरे सफर का श्रेय अपनी समर्पित टीम, ईश्वर की कृपा और पत्नी स्वाति को दिया, जो फिल्म की कार्यकारी निर्माता भी हैं। उनके मुताबिक हर मुश्किल को उनकी टीम ने समाधान में बदल दिया।

स्थानीय कलाकार भी

हिंदी, छत्तीसगढ़ी और गोंडी-हल्बी में बनी ‘आरजे बस्तर’ में बॉलीवुड कलाकारों के साथ छत्तीसगढ़ के स्थानीय कलाकारों को भी प्रमुखता दी गई है। इसमें संजय महानंद, सुनील तिवारी, पुष्पेंद्र सिंह, संगीता निषाद, आरती नगरे, पवन गुप्ता, अनुनय शर्मा और आशीष झा नजर आएंगे।

क्या है मार्शे दु कान्स

‘मार्शे दु कान्स’ दुनिया का बड़ा फिल्म मार्केट प्लेस माना जाता है, जहां दुनियाभर के डिस्ट्रीब्यूटर्स और बायर्स पहुंचते हैं। यहां स्क्रीनिंग होना किसी भी फिल्म को ग्लोबल पहचान दिलाने का बड़ा अवसर माना जाता है।

फिल्म की कहानी ने किया भावुक

फिल्म की कहानी ने कान्स में मौजूद दर्शकों को भावुक कर दिया। खासतौर पर ग्रामीण भारत की सच्चाई और “सपने पूरे करने के लिए संघर्ष जरूरी है” जैसे प्रेरणादायक संदेश को अंतरराष्ट्रीय मंच पर प्रस्तुत करने के लिए फिल्म की जमकर तारीफ हुई। फिल्म में लोकप्रिय वेब सीरीज पंचायत से चर्चित अभिनेता चंदन रॉय मुख्य भूमिका में नजर आए हैं। उनके साथ चित्राशी रावत, नेहा साहू, हर्ष राजपूत, संजय महानंद, सुनील तिवारी, पुष्पेंद्र सिंह, पवन कुमार गुप्ता, संगीता निषाद, आरती नागरे, अनुनेय शर्मा और आशीष झा जैसे कलाकार अहम भूमिकाओं में दिखाई देंगे।

सिनेमा प्रेमियों में उत्साह

फिल्म के गानों को मशहूर सिंगर्स शान, कृष्णा बेउरा और अनुराग शर्मा ने अपनी आवाज दी है। फिल्म के क्रिएटिव प्रोड्यूसर पूनम सिंह हैं, जबकि स्वाति मानिकपुरी ने एग्जीक्यूटिव प्रोड्यूसर की जिम्मेदारी संभाली है। अपने मजबूत सामाजिक संदेश और प्रेरणादायक कहानी के कारण आरजे बस्तर को देश के आदिवासी और ग्रामीण युवाओं की आवाज माना जा रहा है। कान्स फिल्म फेस्टिवल में मिली सराहना के बाद फिल्म को लेकर दर्शकों और सिनेमा प्रेमियों के बीच उत्साह और बढ़ गया है।