23 जनवरी 2026,

शुक्रवार

Patrika LogoSwitch to English
icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

छपाक के जवाब में तानाजी देखने गए पूर्व मुख्यमंत्री रमन और सौदान, इसके बाद क्या बोले-आप ही पढ़ लीजिए….

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और उनके मंत्रियों ने शुक्रवार-शनिवार को छपाक देखी थी। उस दिन मुख्यमंत्री ने कहा था, कि विरोध करने वाले लोग गोडसे समर्थक है। इधर सोमवार को पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह और संगठन महामंत्री सौदान सिंह भी समर्थकों के साथ तानाजी देखने गए। इस दौरान उन्होंने कहा- गढ़ वापस लाना है।

2 min read
Google source verification
रासेयो ने मनाई विवेकानंद जयंती

रासेयो ने मनाई विवेकानंद जयंती

रायपुर. दिल्ली स्थित जवाहरलाल नेहरु विश्वविद्यालय के विद्यार्थियों के साथ खड़ी अभिनेत्री दीपिका पादुकोण की फिल्म छपाक को जवाब देने भाजपा के राष्ट्रीय संगठन महामंत्री सौदान सिंह और पूर्व मुख्यमंत्री रमन सिंह सोमवार को मराठा योद्धा तानाजी मालुसरे पर बनी अजय देवगन की फिल्म तानाजी:अनसंग वॉरियर देखने पहुंच गए। डॉ. रमन सिंह के साथ उनकी पत्नी वीणा सिंह, विधानसभा के पूर्व अध्यक्ष गौरीशंकर अग्रवाल, पूर्व मंत्री प्रेमप्रकाश पाण्डेय, सुभाष राव आदि भी मौजूद थे। बाद में सिनेमा को लेकर हो रही राजनीति से जुड़े एक सवाल पर डॉ. रमन सिंह ने कहा, इसमें राजनीति जैसी कोई बात नहीं है। फिल्म ऐतिहासिक है, देशभक्ति को दर्शाने वाली है तो देखने आए हैं कि फिल्म कैसी बनी है। तानाजी के एक्शन से प्रभावित भाजपा पदाधिकारियों ने कहा, गढ़ वापस लाना है। दीपिका पादुकोण के स्टैंड से नाराज दक्षिणपंथी राजनीतिक धड़ा छपाक के खिलाफ तानाजी को प्रमोट कर रहा है। वहीं कांग्रेस, वामपंथी और लिबरल धड़े छपाक के समर्थन में हैं।

इससे पहले उरी फिल्म देखने गए थे
डॉ. रमन सिंह और भाजपा पदाधिकारी इससे पहले पाक अधिकृत कश्मीर में सर्जिकल स्ट्राइक पर आधारित फिल्म उरी देखने गए थे। विधानसभा चुनाव की हार से उबरने की कोशिश कर रहे भाजपा नेताओं ने उस दौरान खूब नारेबाजी की थी। विधानसभा सत्र की बहसों में भी उरी के संवादों का असर दिखा था।

मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने शनिवार को देखी थी छपाक
मुख्यमंत्री भूपेश बघेल और उनके मंत्रियों ने शुक्रवार-शनिवार को छपाक देखी थी। उस दिन मुख्यमंत्री ने कहा था, छात्रों के समर्थन में खड़े हो जाने पर ही कलाकार को पाकिस्तानी-चीनी और पता नहीं क्या-क्या कहा गया। अन्याय के खिलाफ खड़े होने वालों को ये किसी भी स्तर पर जाकर बदनाम करेंगे। ये गोडसे के अनुयायी लोग हैं। गोडसे ने क्या किया। उसे गांधी जी पसंद नहीं थे तो उनकी हत्या कर दी। ये लोग भी यही कोशिश कर रहे हैं।