
Mann Ki Baat : मन की बात में PM Modi से कोरोना पर चर्चा की रायपुर की नर्स भावना ध्रुव ने, जानिए क्या क्या हुई बात
रायपुर.पीएम नरेन्द्र मोदी ने कहा कि कोरोना की पहली लहर का सफलतापूर्वक मुकाबला करने के बाद भारत आत्मविश्वास से भरा हुआ था, लेकिन इसकी ताजा लहर के 'तूफान' ने देश को झकझोर कर रख दिया है। अपने मासिक रेडियो कार्यक्रम 'मन की बात' की 76वीं कड़ी को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने पूरी तरह कोरोना महामारी पर केंद्रित रखा। पीएम मोदी ने छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के डॉ. बी.आर. आंबेडकर अस्पताल की नर्स भावना ध्रुव से भी बात की।
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पीएम मोदी ने कहा कि नर्सिंग स्टाफ द्वारा की जा रही सेवा और परिश्रम के बारे में सबसे अच्छे से तो कोई नर्स ही बता सकती है। इसलिए मैंने रायपुर के डॉ. बी.आर. आंबेडकर मेडिकल कॉलेज हॉस्पिटल में अपनी सेवाएं दे रहीं सिस्टर भावना ध्रुव जी को 'मन की बात' में आमंत्रित किया है, वो अनेकों कोरोना मरीजों की देखभाल कर रही हैं। आइए! उन्हीं से बात करते हैं-
मोदी- नमस्कार भावना जी!
भावना- आदरणीय प्रधानमंत्री जी, नमस्कार!
मोदी- भावना जी...
भावना- यस सर
मोदी- 'मन की बात' सुनने वालों को आप जरूर ये बताइए कि आपके परिवार में इतनी सारी जिम्मेवारियां इतने सारे यानी मल्टीटास्क और उसके बाद भी आप कोरोना के मरीजों के साथ काम कर रही हैं। कोरोना के मरीजों के साथ आपका जो अनुभव रहा, वो जरूर देशवासी सुनना चाहेंगे क्योंकि सिस्टर जो होती है, नर्स जो होती हैं पेशेंट के सबसे निकट होती हैं और सबसे लम्बे समय तक होती हैं तो वो हर चीज़ को बड़ी बारीकी से समझ सकती हैं जी बताइए।
भावना- जी सर, मेरा टोटल एक्सपीरियंस कोविड में सर, 2 मंथ का है सर। हम 14 डेज ड्यूटी करते हैं और 14 डेज के बाद हमें रेस्ट दिया जाता है। फिर 2 महीने बाद हमारी ये कोविड ड्यूटीज रिपीट होता है सर। जब सबसे पहले मेरी कोविड ड्यूटी लगी तो सबसे पहले मैं अपने फैमिली मेम्बर्स को ये कोविड ड्यूटी की बात शेयर करी। ये मई की बात है और मैं, ये, जैसे ही मैंने शेयर किया सब के सब डर गए, घबरा गए मुझसे, कहने लगे कि बेटा ठीक से काम करना, एक इमोशनल सिचुएशन था सर। बीच में जब, मेरी बेटी मुझसे पूछी, मम्मा आप कोविड ड्यूटी जा रहे हो तो उस समय बहुत ही ज्यादा मेरे लिए इमोशनल मोमेंट था, लेकिन, जब मैं कोविड पेशेंट के पास गई तो मैं एक जिम्मेदारी घर में छोड़ कर गई और जब मैं कोविड पेशेंट से मिली सर, तो वो उनसे और ज्यादा घबराए हुए थे, कोविड के नाम से सारे पेशेंट इतना डरे हुए थे सर, कि उनको समझ में ही नहीं आ रहा था कि उनके साथ क्या हो रहा है, हम आगे क्या करेंगे। हम उनके डर को दूर करने के लिए उनसे बहुत अच्छे से हैल्दी इन्वॉयरनमेंट दिए सर उन्हें। हमें जब ये कोविड ड्यूटी करने को कहा गया तो सर सबसे पहले हमको पीपीई किट पहनने के लिए कहा गया सर, जो कि बहुत ही कठिन है, पीपीई किट को पहन करके ड्यूटी करना। सर ये बहुत टफ था हमारे लिए, मैंने 2 मंथ की ड्यूडी में हर जगह 14-14 दिन ड्यूटी की वार्ड में, आईसीयू में, आइसोलेशन में सर।
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मोदी- यानी कुल मिलाकर तो आप एक साल से इसी काम को कर रही हैं।
भावना- यस सर, वहां जाने से पहले मुझे नहीं पता था कि मेरे कलीग्स कौन है। हम एक टीम मेम्बर की तरह काम किए सर, उनका जो भी प्रॉब्लम थे, उनको शेयर किए, हम जाने पेशेंट के बारे में और उनका स्टिग्मा दूर किए सर, कई लोग ऐसे थे सर कि जो कोविड के नाम से ही डरते थे। वो सारे सिम्टम्स उनमें आते थे जब हम हिस्ट्री लेते थे उनसे, लेकिन वो डर के कारण, वो अपना टेस्ट नहीं करवा पाते थे, तो हम उनको समझाते थे, और सर, जब सेवेरिटी बढ़ जाती थी तब उनका लंग्स ऑलरेडी इंफेक्टेड हो चुका रहता था तब उनको आईसीयू की जरूरत रहती थी तब वो आते थे और साथ में उनकी पूरी फैमिली आती थी। तो ऐसा 1-2 केस हमने देखा सर और ऐसा भी नहीं कि हर एक एज ग्रुप के साथ काम किया सर हमने। जिसमें छोटे बच्चे थे, महिला, पुरुष, बुजुर्ग, सारे तरह के पेशेंट थे सर। उन सबसे हमने बात करी तो सब ने कहा कि हम डर की वजह से नहीं आ पाए, सबका यही हमें आंसर मिला सर। तो हम उनको समझाए सर, कि, डर कुछ नहीं होता है आप हमारा साथ दीजिए हम आपका साथ देंगे बस आप जो भी प्रोटोकॉल्स है उसे फॉलो कीजिए, बस हम इतना उनसे कर पाए सर।
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मोदी- भावना जी, मुझे बहुत अच्छा लगा आपसे बात कर करके, आपने काफी अच्छी जानकारियां दी हैं। अपने स्वयं के अनुभव से दी हैं, तो जरूर देशवासियों को, इससे एक, पॉजिटिविटी का मैसेज जाएगा। आपका बहुत-बहुत धन्यवाद भावना जी!
भावना- थैंक्यू सो मच सर... थैंक्यू सो मच... जय हिन्द सर।
मोदी- जय हिन्द! भावना जी और नर्सिंग स्टाफ के आप जैसे हजारों-लाखों भाई-बहन बखूबी अपना कर्तव्य निभा रहे हैं। ये हम सभी के लिए बहुत बड़ी प्रेरणा है। आप अपने स्वास्थ्य पर भी खूब ध्यान दीजिए। अपने परिवार का भी ध्यान रखिए।
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Published on:
25 Apr 2021 10:57 pm
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