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Meat shops closed: रायपुर में आज मांस-मटन की दुकानें बंद, नगर निगम ने जारी किया आदेश…

Meat shops closed: छत्तीसगढ़ के रायपुर में धार्मिक पर्वों के मद्देनजर नगर निगम ने मांस-मटन की बिक्री पर अस्थायी प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है।

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Meat shops closed: रायपुर में आज मांस-मटन की दुकानें बंद, नगर निगम ने जारी किया आदेश...(photo-patrika

Meat shops closed: रायपुर में आज मांस-मटन की दुकानें बंद, नगर निगम ने जारी किया आदेश...(photo-patrika

Meat shops closed: छत्तीसगढ़ के रायपुर में धार्मिक पर्वों के मद्देनजर नगर निगम ने मांस-मटन की बिक्री पर अस्थायी प्रतिबंध लगाने का निर्णय लिया है। नगर निगम के स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी आदेश के अनुसार 20 मार्च (चेट्रीचंड), 27 मार्च (रामनवमी) और 31 मार्च (महावीर जयंती) को शहर में सभी मांस-मटन की दुकानें पूरी तरह बंद रहेंगी। यह आदेश महापौर मीनल चौबे के निर्देश पर लागू किया गया है।

इस निर्णय का उद्देश्य प्रमुख धार्मिक पर्वों के दौरान शहर में शांति, सौहार्द और धार्मिक भावनाओं का सम्मान बनाए रखना है। नगर निगम प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि इन निर्धारित तिथियों पर किसी भी होटल, ढाबा, रेस्टोरेंट या दुकान में मांसाहार की बिक्री या परोसने की अनुमति नहीं होगी।

Meat shops closed: उल्लंघन पर होगी सख्त कार्रवाई

नगर निगम ने चेतावनी दी है कि आदेश का उल्लंघन करने वाले व्यापारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। इसमें जुर्माना, लाइसेंस निरस्तीकरण और अन्य वैधानिक कार्रवाई शामिल हो सकती है। इसके लिए स्वास्थ्य विभाग की टीमें शहर में लगातार निगरानी रखेंगी और नियमों का पालन सुनिश्चित करेंगी।

व्यापारियों से सहयोग की अपील

प्रशासन ने सभी मांस-मटन विक्रेताओं, होटल संचालकों और व्यापारियों से अपील की है कि वे इस आदेश का पालन करें और धार्मिक पर्वों के दौरान शहर की व्यवस्था बनाए रखने में सहयोग दें। साथ ही नागरिकों से भी अपील की गई है कि वे नियमों का सम्मान करें और अफवाहों पर ध्यान न दें।

धार्मिक सौहार्द बनाए रखने की पहल

नगर निगम का कहना है कि यह प्रतिबंध पूरी तरह अस्थायी है और केवल विशेष अवसरों पर ही लागू किया जा रहा है। इसका उद्देश्य किसी भी प्रकार की असुविधा उत्पन्न करना नहीं, बल्कि सामाजिक और धार्मिक संतुलन बनाए रखना है। इस निर्णय के बाद शहर में प्रशासन अलर्ट मोड पर है और सभी संबंधित विभागों को निर्देश दिए गए हैं कि वे समन्वय बनाकर व्यवस्था को सुचारू रूप से संचालित करें।