
OLX पर I-20 कार बेचने के बहाने अकाउंट में डलवा लिए डेढ़ लाख रुपए, फिर...
रायपुर. सेकंडहैंड सामान खरीदने-बेचने का प्लेटफार्म ओएलएक्स वेबसाइट पर ठग सक्रिय हो गए हैं। रायपुर वालों को कभी सेना का जवान तो कभी कारोबारी बनकर झांसा देर रहे हैं। इलेक्ट्रानिक सामान से लेकर दोपहिया और कार बेचने का विज्ञापन वेबसाइट में देते हैं।
इसके सौदा करने के लिए किसी भी जगह पर बुलाते हैं और ट्रायल के बहाने सामान लेकर फरार हो जाते हैं। उसी तरह खरीदी करने वालों से टैक्स, जीएसटी के बहाने पैसा जमा करवा लेते हैं। इसके बाद सामान देने नहीं आते। सिविललाइन थाने में इसी तरह का एक और मामला दर्ज हुआ है। इसमें कार बेचने के नाम पर एक युवक से डेढ़ लाख से अधिक की राशि ठग लिया गया। पैसा लेने के बाद आरोपी कार देने रायपुर नहीं आया। पीडि़त की शिकायत पर पुलिस ने अपराध दर्ज कर लिया है।
पुलिस के मुताबिक पुरानी बस्ती इलाके में रहने वाले विवेक वर्मा ने ओएलएक्स पर एक आई-20 कार सीजी 05 एम 7800 बिक्री का विज्ञापन देखा। विवेक को कार पसंद आ गई। उसने कार खरीदने के लिए उसमें दिए गए मोबाइल नंबर पर 6 मार्च को संपर्क किया। दूसरी ओर से बोल रहे शख्स ने अपना नाम मनजीत सिंह बताते हुए खुद को सेना का कर्नल और माना एयरपोर्ट में पदस्थ होना बताया। उसने विवेक को भरोसे में लेने के लिए अपने आर्मी का कैंटिन कार्ड भी भेजा। इससे विवेक का उस पर यकीन हो गया। उसने कार को खरीदने की इच्छा जताई।
इसके बाद आरोपी मनजीत ने कार की कुल कीमत 1 लाख रुपए बताया। इससे दोनों के बीच एक लाख में कार का सौदा हो गया। इसके बाद मनजीत ने वाट्सऐप के जरिए अपना पेटीएम का नंबर दिया और जीपीएस गेटपास, जीएसटी, आरटीओ के नाम पर अलग-अलग किस्तों में राशि जमा करवाया।
एक के बाद एक विवेक ने मनजीत के खाते में कुल 1 लाख 67 हजार 415 रुपए जमा किए। इसके बाद विवेक ने कार देने के लिए कहा। मनजीत ने अगले दिन से गांधी उद्यान शंकरनगर चौक के पास कार लेने के लिए बुलाया। तय समय में विवेक गांधी उद्यान पहुंच गया, लेकिन आरोपी मनजीत नहीं आया। घंटों इंतजार के बाद भी जब मनजीत नहीं आया, तो विवेक को कुछ शक हुआ। इसके बाद उसने आरोपी के नंबर पर कॉल किया, तो मोबाइल बंद मिला। उसने पूरे मामले की सिविल लाइन थाने में शिकायत की।
एक सप्ताह बाद एफआईआर
पूरी घटना 6 मार्च की है। पीडि़त विवेक ने इस मामले की शिकायत तत्काल सिविल लाइन थाने में की। पुलिस ने इसे दूसरे थानाक्षेत्र का मामला बताया और आजादचौक थाना जाने के लिए कहा। विवेक आजादचौक थाने गया, तो वहां पुलिस वालों ने सिविल लाइन थाने जाने के लिए कहा। कई चक्कर काटने के बाद सिविल लाइन पुलिस ने 12 मार्च को अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ अपराध दर्ज हुआ। देरी से एफआईआर होने की वजह से आरोपी को भागने का मौका मिला। अब उसे आसानी से पकड़ा नहीं जा सकता। पुलिस ने तत्काल एफआईआर करके एक्शन लिया होता, तो आरोपी को पकड़ा जा सकता था।
फर्जी आर्मी मैन से आधा दर्जन से पीडि़त
फर्जी आर्मीमेन ने कई लोगों को ठगा है। रायपुर में आधा दर्जन से अधिक लोगों को आरोपी ने सेना का फर्जी कर्नल बनकर ठगी की है। सभी को माना एयरपोर्ट में ही पदस्थ रहना बताया है। करीब दो माह पहले भिलाई के एक व्यक्ति को मोबाइल बेचने के नाम पर एयरपोर्ट बुलाकर ठग लिया था।
बढ़ रही इस तरह की वारदातें
ओएलएक्स के जरिए खरीदी-बिक्री करने वाले दर्जनभर से अधिक लोगों के साथ ठगी हो चुकी है। इसके बावजूद आमलोगों में जागरूकता की कमी है। रायपुर में इस तरह की घटनाएं लगातार सामने आ रही हैं। रविवार को भी एक युवती के साथ उठाईगिरी हो गई थी। हालांकि बाद में दो युवकों को पुलिस ने पकड़ लिया है।
Published on:
14 Mar 2019 09:32 am
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