तेजल अपनी कामयाबी का श्रेय टीचर्स, पैरेन्ट्स को देते हुुए कहती हैं कि उनके घर आकर ट्यूशन देने वाली पल्लवी शर्मा ने उन्हें एनसीईआरटी के हिसाब से कंटेन्ट सेलेक्ट करने और उसकी तैयारी कराने में काफी मदद की। जिसके कारण उन्हें सीबीएसई जैसे हार्ड कम्पीटिशन वाले एक्जाम में अ'छी कामयाबी मिल सकी। तेजल कहती है, कि वह अपने कॅरियर बनाने के साथ-साथ एेसे लोगों की मदद करना चाहती है, जो शारीरिक रूप से बाधित जरूर होते हैं, लेकिन उनके भीतर प्रतिभाएं भी होती हैं। जो संसाधनों के अभाव में आगे नहीं बढ़ पाते।