
कोरबा. बालको पुलिस ने भदरापारा के एक दंपती को नौकरी लगाने के नाम पर 4 लाख की चपत लगाते हुए धोखाधड़ी करने वाली महिला मेवा चोपड़ा को गिरफ्तार कर लिया है। आरोपी महिला पहले महिला व बाल विकास विभाग में सुपरवाइजर थी। उसने प्रदेश के करीब 200 बेरोजगारों को सरकारी नौकरी लगवाने का झांसा देकर 20 करोड़ की ठगी की है।
बलौदाबाजार के सिटी कोतवाली में भी आरोपी महिला के खिलाफ एफआईआर दर्ज है। बलौदाबाजार के मामले में वह गिरफ्तारी के बाद से सेंट्रल जेल रायपुर में निरूद्ध थी। बालको थाना में दर्ज मामले में गिरफ्तारी के लिए पतासाजी के दौरान इसका पता चला। तब बालको पुलिस ने न्यायालय से प्रोडक्शन वारंट में लिया। शनिवार को न्यायालय में उसे पेश करके अग्रिम वैधानिक कार्रवाई की गई।
आंगनबाड़ी सुपरवाइजर और मंत्रालय में नौकरी लगाने का झांसा
बालकोनगर के भदरापारा निवासी दिग्विजय कुमार रात्रे की पत्नी से मेवा चोपड़ा की पहचान 2013 में हुई थी। बीच-बीच में मोबाइल से उनकी बात होती थी। सितंबर 2017 में मेवा चोपड़ा ने फोन कर दिग्विजय की पत्नी को आंगनबाड़ी में सुपरवाइजर और दिग्विजय को मंत्रालय में नौकरी लगवाने का झांसा दिया। दंपती झांसे में आ गए। उन्होंने उसे 4 लाख रुपए दिया था, लेकिन इसके बाद नौकरी नहीं लगी। 4 साल तक इंतजार करने के बाद दंपती ने बालको थाना में शिकायत की। जांच के बाद एफआईआर दर्ज की गई थी।
Published on:
07 Feb 2021 07:40 pm
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