8 जनवरी 2026,

गुरुवार

Patrika LogoSwitch to English
home_icon

होम

video_icon

शॉर्ट्स

catch_icon

प्लस

epaper_icon

ई-पेपर

profile_icon

प्रोफाइल

शहर में हर दिन डंप हो रहा 16 मीट्रिक टन कचरा, फैल रहा प्रदूषण

सांची रोड पर कचरा डंप करने के लिए नपा ने प्रशासन से मांगी है जगह, जल्द होगा इंतजाम

2 min read
Google source verification
Garbage

रायसेन। स्वच्छता सर्वेक्षण और सफाई अभियान के बीच शहर के बीच से कचरे ढेर भले ही कम हो गए हों, लेकिन ये शहर के ही एक हिस्से में डंप हो रहे हैं। वार्ड 18 में किला पहाड़ी की तलहटी में कचरा का डंपिंग स्थल है। जबकि हर नगरीय निकाय को शहर से बाहर कचरा करने की व्यवस्था करने की जिम्मेदारी है। बीते दिनों स्वच्छता सर्वेक्षण के लिए आए सर्वे दल के सामने भी पार्षदों ने इस मुद्दे को उठाया था।

कचरा एकत्र करने और शहर से बाहर करने की नगर पालिका ने कई योजनाएं बनाईं, जिन पर काम कर स्वच्छता सर्वेक्षण में नंबर एक बनने के प्रयास भी किए, लेकिन कचरा डंपिंग की समस्या हल नहीं हो सकी है, जो वार्ड क्रमांक 18 के निवासियों के साथ रामछज्जा जाने वाले लोगों के लिए परेशानी का कारण बन रहा है। नगर पालिका के सूत्रों के अनुसार शहर से हर दिन लगभग 16 मीट्रिक टन कचरा निकलता है। जो वार्ड 18 में एक खाली जगह डंप किया जाता है। नगर पालिका को यह जगह प्रशासन द्वारा उपलब्ध कराई गई है, जो अब कम पडऩे लगी है।

जगह के लिए गंभीर नहीं प्रशासन
नगर पालिका ने प्रशासन से शहर से बाहर सांची रोड पर कचरा डंपिंग के लिए जगह मांगी है, ताकि वार्ड क्रमांक 18 से गंदगी दूर की जा सके। इससे लोगों को परेशानी न हो। प्रशासन जगह की तलाश कर रहा है। यह प्रक्रिया लंबे समय से चल रही है, इसमें दोनों ओर से गंभीरता नजर नहीं आ रही है।

हर रात लगाई जाती है कचरे में आग
वार्ड 17 की पार्षद सलमा सिद्दिकी का कहना है कि डंप किए जा रहे कचरे में हर रात आग लगाई जाती है। स्थानीय लोगों ने नगर पालिका में इसकी शिकायत की तो कोई सुनने और मानने के लिए तैयार नहीं है। जबकि इस क्षेत्र के रहवासी कचरे से उठने वाले दूषित धुएं से परेशान हो रहे हैं। कचरा जलने से रात में धुएं के कारण खांसी आती है, कई लोग इसके कारण बीमार भी हो रहे हैं। दो साल पहले इसी कचरे से फैले प्रदूषण की चपेट में आकर आसपास के रहवासियों के कुछ बच्चे बीमार हो गए थे, जिनमें से चार बच्चों की मौत भी हो गई थी। बावजूद इसके प्रशासन ने शहर के कचरे को बाहर करने के कोई इंतजाम नहीं किए हैं।

शासन के अर्बन एडमिनिस्ट्रेशन विभाग ने कचरा निष्पादन के लिए कलस्टर योजना बनाई है। विदिशा को कलस्टर बनाकर उसमें रायसेन सहित सात जिलों को शामिल किया गया है। इन सातों जिलों से हर दिन कचरा एकत्र कर विदिशा भेजा जाएगा, जहां कचरा से खाद बनाने की योजना है। लेकिन लगभग तीन साल पहले बनी यह योजना फिलहाल कागजों में ही है। इसी कलस्टर के शुरू होने के इंतजार में रायसेन में कचरा डंपिंग के लिए शहर से बाहर जगह नहीं मिल पा रही है।

जैसे ही जगह मिलेगी, हम वहां कचरा डंप करने लगेंगे

हमने प्रशासन से कचरा डंपिंग के लिए शहर से बाहर सांची रोड पर जगह मांगी है। जैसे ही जगह मिल जाती है, हम वहां कचरा डंप कराने लगेंगे। शासन द्वारा विदिशा को कलस्टर बनाया गया है। उसके शुरू होते ही यह समस्या हल हो जाएगी।
- ज्योति सुनेरे, सीएमओ नगर पालिका

नगर पालिका ने कचरा डंपिंग के लिए जगह मांगी है, जिसकी तलाश की जा रही है। प्रक्रिया जारी है, जैसे ही जगह तय होती है नपा को उपलब्ध कराई जाएगी।
- भावना वालिम्बे, कलेक्टर रायसेन