
रायसेन। इटारसी से भोपाल की तरफ जा रही मदुरई एक्सप्रेस औबेदुल्लागंज और भीमबेठिका के बीच एक बुलेरो से टकरा गई है। बताया जाता है तीसरी लाइन का कम करने वाले यूनिट अपनी साइट पर जा रहा था। इसी दौरान ट्रेन ने बुलेरो वाहन को अपनी चपेट मे ले लिया। हादसे में अभी तक किसी के हताहत होने की सुचना नहीं है।
जानकारी के मुताबिक इटारसी से भोपाल की तरफ जा रही मदुरई एक्सप्रेस से तीसरी लाइन का कम करने वाले यूनिट की बोलेरो से टकरा गई| फाटक के पास से करीब पचास मीटर से भी अधिक दूर तक ट्रैन बोलेरों को घसीट कर अपनी साथ ले गई| गनीमत रही कि ट्रैन देखकर सही समय पर लोग वाहन से उतर गए| घटना सुबह 9.40 की बताई जाती है|
हादसे के बाद जीप को जब ट्रेक से जेसीबी की सहायता से निकाला गया तो जीप बुरी तरह से क्षतिग्रस्त थी।
ऐसे समझें पूरा मामला:
- इटारसी से भोपाल की ओर जा रही थी ट्रेन।
- बताया जाता है कि इसी दौरान रेलवे लाइन क्रास करते हुए रेलवे ठेकेदार के लोग जीप पर सवार होकर जा रहे थे। रेलवे लाइन क्रॉसिंग के दौरान जीप ट्रेक पर फंस गई। जिसके बाद यह हादसा हुआ।
- वहीं समय पर ट्रेन को आता देख लोग जीप छोड़कर भाग गए, जिसके चलते जीप में सवार रेलवे ठेकेदार के लोग बच गए।
- कहा जा रहा है इस दौरान रेलवे कर्मचारी सहित कुछ लोगों ने झंडा दिखाकर ट्रेन को रुकवाने की कोशिश भी की,पर जब तक ट्रेन रूकती तब तक एक्सीडेंट हो चुका था।
- इसके बाद मौके पर आरपीएफ और जीआरपी सहित रेलवे के आला अधिकारी पहुंचे।
- रायसेन के ओबेदुल्लागंज के पोल नंबर 799 की घटना है।
जानकारी के अनुसार मदुरई-निजामुद्दीन सुपरफास्ट एक्सप्रेस सुबह करीब 9.30 इटारसी से निकली थी। बरखेड़ा के भीम बैठिका के रेलवे क्रासिंग पर अचानक एक बोलेरो ट्रेन के सामने आकर टकरा गई। हादसे में सवार लोगों के घायल होने की सूचना है।
राजकोट ट्रेन रोकी...
मदुरई-चैन्नई के दुर्घटनाग्रस्त होने के कारण भोपाल से इटारसी तरफ आ रही राजकोट ट्रेन को इसी ट्रेन के पास रोक दिया गया।
मौके पर पहुंचे रेलवे कर्मचारी
दुर्घटना की सूचना मिलते ही रेलवे कर्मचारी मौके पर पहुंचे साथ ही पुलिस बल ने मौके पर पहुंचकर व्यवस्था बनाई। इस बीच यह हादसा लोगों के बीच चर्चा का विषय बना रहा। वहीं दोनों तरफ जाने वाली ट्रेनों का संचालन कुछ देर के लिए प्रभावित रहा। वहीं दिल्ली की ओर जाने वाली कई ट्रेनों को इटारसी स्टेशन पर ही रोक दिया गया।
ट्रेनें रहीं लेट
हादसे के बाद कई ट्रेनें लेट रहीं। जिन यात्रियों को हादसे की जानकारी नहीं थी, वह मामले को लेकर परेशान होते रहे। वहीं रेलवे इक्वायरी पर इसकी पूछताछ करते रहे।
एक महिने पहले हरदा में हुआ था हादसा
करीब एक महिने पहले हरदा के खिरकिया के पास एक मालगाड़ी डिरेल होने के करीब 6 घंटे रेल यातायात प्रभावित हुआ था। वहीं दर्जनभर से अधिक ट्रेनों का संचालन भी प्रभावित हुआ था। जिस कारण आऊटर और अन्य जगहों पर रहने वाली छोटी स्टेशनों पर बड़ी संख्या में यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ा था।
Published on:
20 Nov 2017 01:22 pm
बड़ी खबरें
View Allरायसेन
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
