
बखत रेंगाकठेरा में फैला डायरिया का प्रकोप दर्जनभर लोग प्रभावित
राजनांदगांव / ठेलकाडीह. राजनांदगांव ब्लॉक के ग्राम पंचायत बखत रेंगाकठेरा में उल्टी-दस्त से आधा दर्जन ग्रामीण जिला अस्पताल पहुंच गए है। गांव में डायरिका का प्रकोप दिनों दिन बढ़ता जा रहा है।
तीन-चार दिन से गांव में रोजाना पहुंच रहे संजीवनी
मिली जानकारी के अनुसार चार दिन पूर्व से गांव में उल्टी-दस्त के पीडि़त सामने आ चुके है। धीरे-धीरे गांव में इसके मरीज बढ़ते जा रहे है। बखत रेंगाकठेरा गांव में रोजाना संजीवनी एंबुलेंस से पीडि़तों को परिजन अस्पताल में दाखिल करा रहे है। इधर पंचायत के जनप्रतिनिधि व स्वास्थ्य विभाग का अमला भी लापरवाह बना हुआ है। अब तक लगभग आधा दर्जन से ज्यादा लोग डायरिया के चपेट में आ चुके है। ग्रामीणों में दहशत है।
पंचायत व स्वास्थ्य विभाग बना है बेपरवाह
बखत रेंगाकठेरा के एक युवक ने वाट्सअप गु्रप में पखवाड़ेभर पूर्व गांव में नलजल योजना के तहत सप्लाई हो रही पानी गंदा आने पर, युवक ने वाट्सअप ग्रुप में डायरिया फैलने की आशंका से ग्रामीणों को सचेत किया था। लेकिन पंचायत प्रतिनिधियों ने जरा भी ध्यान नहीं दिया जिसके कारण उल्टी-दस्त के प्रकोप अब ग्रामीणों पर भारी पड़ रहा है। तीन-चार दिन से गांव में 108 एंबुलेंस रात व दिन में रोजाना पहुंच रहे है। इसके बाद भी स्वास्थ्य विभाग के द्वारा गांव का सर्वे तक नहीं कराया गया है।
आधा दर्जन लोगों का अस्पताल में चल रहा इलाज
पत्रिका संवाददाता राजेश साहू ने बखत रेंगाकठेरा में उल्टी-दस्त की जानकारी के लिए घुमका बीएमओ खोब्रागढ़े से संपर्क किया तो उन्होंने तत्काल टीम भेजकर सर्वे कराने की बात कही है। उसके हिसाब से कैंप भी लगाएंगे। हैरानी वाली बात यह है कि तीन-चार दिन से गांव में 108 एंबुलेंस रात व दिन में रोजाना पहुंच रहे है। इसके बाद भी स्वास्थ्य विभाग के द्वारा गांव का सर्वे तक नहीं कराया गया है। जिससे गांव में दहशत का माहौल बना हुआ है।
Published on:
09 Aug 2018 11:29 am
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