
राजनांदगांव. जिले के घुमका व जालबांधा के बीच बीजेतला गांव में पंतजलि के फूड यूनिट पार्क के लिए जमीन का चयन करने के साथ ही बीजेतला के किसानों ने जमीन अधिग्रहण का विरोध कर दिया है। किसानों ने अपनी जमीन किसी को नहीं देने की बात कहते हुए विरोध में कलेक्टर को ज्ञापन सौंपा है।
गौरतलब हो कि पतंजलि द्वारा फूड यूनिट पार्क खोलने बीजेतला में 5 सौ एकड़ जमीन का चिन्हांकन किया गया है। कुछ समय पहले यूनिट खोलने हरिद्वार से पतंजलि के आचार्य बालकृष्ण महाराज बीजेतला गांव पहुंचे थे और जमीन का निरीक्षण किया था।
इसके बाद जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरु हुई तो किसान विरोध में सामने आ गए हैं। कलेक्टर भीम सिंह ने बताया कि बीजेतला के किसान अपनी जमीन उद्योग के लिए नहीं देने की मांग लेकर पहुंचे थे। उद्योग विभाग को इस संबंध में किसानों से चर्चा करने भेजा जाएगा।
किसानों ने बताया कि फूड यूनिट पार्क के लिए बीजेतला गांव में जहां पर जमीन का चिन्हांकन किया गया है। वहां किसानों का करीब ढाई सौ एकड़ जमीन आ रहा है। किसान गणेश निर्मलकर और जगदीश राज ने कहा कि वे लोग उद्योग लगाने अपना जमीन नहीं देना चाहिए।
उन्होंने कहा कि जमीन ही उनका जीवन यापन का साधन है। ऐसे में जमीन अधिग्रहण होने से उनके पास कुछ नहीं बचेगा। किसानों ने कहा कि अधिग्रहण के दायरे में करीब 170 किसानों का जमीन प्रभावित हो रहा है जिसमें सब छोटे किसान हैं। ऐसे में किसानों का सभी जमीन अधिग्रहण हो जाएगा जिससे वे लोग भूमिहीन हो जाएंगे।
किसान जीवन वर्मा ने बताया कि जमीन अधिग्रहण के लिए करीब दो दर्जन किसानों के पास शासन से पत्र आया है। जिसमें असिंचित जमीन का मुआवजा 6 से 8 लाख व सिंचित का 10 लाख है। किसानों ने कहा कि शासन द्वारा जमीन के मुआवजा का आंकलन बहुत कम किया गया है। फिलहाल किसान अपनी जमीन उद्योग के लिए नहीं देने की बात कह रहे हैं।
Published on:
09 Jan 2018 11:24 am
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