
भीम. नन्दावट स्थित एसीजेएम न्यायालय परिसर के सामने बिलानाम भूमि पर अतिक्रमियों द्वारा धड़ल्ले से दुकानों का निर्माण करवाया जा रहा है। इसको लेकर ग्रामीणों की ओर से शिकायत के बाद भी प्रशासन द्वारा मौके पर कार्यवाही नहीं की गई।
ग्रामीणों के अनुसार बिलानाम जमीन पर कब्जे कर वहां निर्माण कार्य शुरू किए जाने को लेकर प्रशासन को शिकायत की, लेकिन इस ओर किसी ने ध्यान नहीं दिया। ऐसे में मौके पर वर्तमान में 20 से अधिक दुकानों का निर्माण कार्य जोरों पर चल रहा है। कस्बे में बिलानाम भूमि की बंदरबाट को लेकर भूमाफिया द्वारा जिसकी लाठी उसकी भैंस की तर्ज पर निर्माण कार्य करवाया जा रहा है। गत दिनों पटवारी मीठूसिंह द्वारा खसरा संख्या 18 17 किस्म बिलानाम जमीन को नापी गई, लेकिन अतिक्रमियों की दबंगई के चलते उसके आगे कोई कार्रवाई नहीं हो पाई। ऐसे में करोड़ों की जमीन पर लोगों ने कब्जे कर लिए हैं। यही नहीं खुलेआम यहां हो रहे निर्माण की अधिकारियों को भी जानकारी है, लेकिन वे पता नहीं किसके दबाव में आकर यहां कार्रवाई नहीं कर रहे। इसको लेकर ग्रामीणों में रोष व्याप्त है।
जांच के बाद कार्रवाई
मामले की जानकारी मिली है। पटवारी को मौके पर भेजा था। जांच रिपोर्ट मिलने पर बिलानाम भूमि से अतिक्रमण हटवाए जाएंगे व दोषियों के विरुद्ध कार्यवाही की जाएगी।
बीएल जनागल, उपखण्ड अधिकारी भीम
हटवाएंगे कब्जा
खसरा संख्या 18 17 की भूमि बिलानाम है, अगर वहां कब्जा हो रहा है तो जेसीबी की सहायता से हटाया जाएगा और दोषियो के खिलाफ मुकदमा दर्ज किया जाएगा।
मिठूसिंह, सर्कल पटवारी, भीम
अतिक्रमण के खिलाफ कलक्टर को ज्ञापन
आमेट. राछेटी पंचायत के डीडवाना में कुछ दंबगों द्वारा बेशकीमती गोचर भूमि पर अतिक्रमण कर पक्के निर्माण करवाए जा रहे हैं। इसको लेकर कार्रवाई की मांग करते हुए ग्रामीणों ने जिला कलक्टर को ज्ञापन सौंपा। गांव के वार्डपंच छगुराम, जेठाराम, शंकरलाल, दुर्गालाल, छोगालाल, दिनेश, मदनलाल सहित बड़ी संख्या में कलक्ट्रेट पहुंचकर ग्रामीणों ने सौंपा। इसमें बताया कि गांव के ही दो व्यक्तियों द्वारा करीब 5 बीघा बेशकीमती गोचर भूमि पर अतिक्रमण कर जेसीबी से पेड़-पौधे आदि नष्ट करवाते हुए पक्के निर्माण को लेकर काम शुरू करवा दिया है। इससे गोचर भूमि में आने-जाने का ग्रामीणों का रास्ता ही बंद हो गया है। बताया कि इस संबंध में आमेट उपखण्ड अधिकारी, तहसीलदार, भू-निरीक्षक, पटवारी एवं सरपंच को भी ज्ञापन देकर अवगत करवाया गया, लेकिन कोई ठोस कार्यवाही नहीं हो पाई। बताया गया कि ग्रामीणों ने गत 17 जुलाई 2017 को आमेट तहसीलदार को शिकायत की, जिस पर 27 जुलाई 2017 को सरपंच की मौजूदगी में मौका-पर्चा बनाया गया था। मौके पर आराजी नम्बर 16 6 की चरागाह में अवैध निर्माण किया जा रहा था। इस पर कार्य को रुकवाया तथा भविष्य में कार्य नहीं कराने को पाबंद भी किया गया था। इसके बावजूद अतिक्रमियों द्वारा मौके पर दोबारा काम शुरू करवा दिया। इसको लेकर ग्रामीणों में रोष है तथा तत्काल काम रुकवाकर ठोस कार्रवाई की मांग की है।
Published on:
18 Oct 2017 02:18 pm
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