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अब राज्य सरकार के पाले में कुंभलगढ़ टाइगर रिजर्व की गेंद

- सांसद दीया ने फिर उठाया कुंभलगढ़ टाइगर रिर्जव का मुद्दा, राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण की बैठक, राजस्थान सरकार को प्रेषित की अनुशंसा

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अब राज्य सरकार के पाले में कुंभलगढ़ टाइगर रिजर्व की गेंद

राजसमंद. भोपाल में राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण की बैठक में सम्मलित सांसद व अन्य।

राजसमंद. सांसद दीया कुमारी भोपाल में केंद्रीय वन एवं पर्यावरण मंत्री भूपेन्द्र यादव की अध्यक्षता में आयोजित राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण की 23 वीं बैठक में सम्मिलित हुई। उन्होंने एक बार फिर से कुंभलगढ़ में टाइगर सेंचुरी का मुद्दा उठाया।
राष्ट्रीय बाघ संरक्षण प्राधिकरण की बैठक में सांसद दीया कुमारी ने कुंभलगढ़ अभयारण्य को टाइगर सेंचुरी बनाने का मुद्दा उठाए जाने पर राजस्थान चीफ वाइल्ड लाइफ वार्डन अरिंदम तोमर ने बताया कि वन विभाग राजस्थान ने कुंभलगढ़ अभयारण्य को टाइगर सेंचुरी घोषित करने के लिए अपनी अनुशंसा राज्य सरकार को प्रेषित कर दी है। उन्होंने कहा कि उम्मीद है राज्य सरकार शीघ्र ही इस पर कार्रवाई कर केंद्र सरकार को भिजवाएगी, जिससे कुंभलगढ़ में टाइगर सेंचुरी की योजना को मूर्त रूप दिया जा सके। उल्लेखनीय है कि पिछली बैठक में सांसद दीया कुमारी ने इसी बैठक में यह मुद्दा उठाया था। उस समय भी यही बात सामने आई थी कि राज्य सरकार को अनुशंसा भेज दी गई है, लेकिन राज्य सरकार की ओर से अभी तक कोई कार्रवाई नहीं की। ऐसे में यह कहा जा सकता है कि कुंभलगढ़ टाइगर रिजर्व का मामला ठंडे बस्ते में जाता दिखाई दे रहा है, जबकि केन्द्र सरकार की 2024-25 में टाइगर छोड़े जाने की योजना है।