
Farmer Dies In Rampur: रामपुर के थाना शहजादनगर क्षेत्र के अहमदाबाद गांव निवासी रितु शर्मा ने थाना प्रभारी को शिकायत पत्र दिया। बताया कि उनके भाई संदीप कुमार ने कारोबार के लिए प्रथमा यूपी ग्रामीण बैंक धमौरा से जुलाई 2016 में दो लाख रुपये का ऋण लिया था। इसमें रितु शर्मा गारंटर थीं और उन्होंने ऋण की कुछ राशि जमा भी कर दी। बकाया राशि के लिए बैंक की ओर से दवाब बनाया जा रहा था। रितु के भाई की मौत हो चुकी है और उनका भाई संदीप लंबे समय से रितु के साथ उन्हीं घर पर रह रहा था। वह मजदूरी करने के साथ खेती भी करता था।
पीड़िता का आरोप है कि 29 मार्च को रिकवरी एजेंट उनके घर पर आए और कहा कि ऋण न चुकाने पर घर पर कब्जा कर लिया जाएगा। जिसके बाद संदीप कुमार की हालत बिगड़ गई। उसे सांस लेने में समस्या हुई तो जिला अस्पताल में भर्ती कराया। इसी बीच एक बैंककर्मी ने रितु के घर पर नोटिस चस्पा कर दिया। आठ अप्रैल को संदीप कुमार को मेरठ के लिए रेफर कर दिया गया। रितु का आरोप है कि 10 अप्रैल को वह अपनी बेटी के साथ घर पर थी। तभी एक रिकवरी एजेंट आया और घर को सील कर दिया। आरोप है कि यह बात जैसे ही संदीप को पता चली तो सदमे से उसकी मौत हो गई।
पीड़िता ऋतु ने बताया कि दो लाख रुपये के लोन में से डेढ़ लाख रुपये से ज्यादा जमा कर चुके थे। अभी एक लाख चालीस हजार रुपये बकाया था। जिस दिन रिकवरी एजेंट आया उस दिन भी 40 हजार रुपये जमा किए। फिर भी घर सील कर दिया। घर के ऊपरी हिस्से में कमरे बने हैं और नीचे हॉल है। ऊपर घर सील होने के बाद परिवार नीचे हॉल में रह रहा है। पीड़िता ने बैंककर्मियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
Published on:
14 Apr 2024 12:47 pm
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