
समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव
Johar University Controversy: समाजवादी पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष अखिलेश यादव ने जौहर यूनिवर्सिटी को लेकर भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि यह मामला केवल एक विश्वविद्यालय का नहीं बल्कि हजारों छात्रों और उनके परिवारों के भविष्य से जुड़ा हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि सरकार बदले की भावना से जौहर यूनिवर्सिटी को राजनीतिक निशाना बना रही है और इसका सबसे बड़ा नुकसान वहां पढ़ने वाले छात्रों को उठाना पड़ रहा है।
अखिलेश यादव ने कहा कि समाजवादी पार्टी छात्रों और उनके अभिभावकों के साथ खड़ी है। उन्होंने कहा कि किसी भी कार्रवाई का असर छात्रों की पढ़ाई और उनके भविष्य पर नहीं पड़ना चाहिए।
सपा प्रमुख ने कहा कि हर विश्वविद्यालय शिक्षा का मंदिर होता है और उसे बचाना पूरे समाज की जिम्मेदारी है। उन्होंने कहा कि अगर कहीं किसी तरह की कागजी कमी है तो उसका समाधान कानून और नियमों के तहत किया जाना चाहिए। लेकिन किसी भी स्थिति में छात्रों का भविष्य खतरे में नहीं पड़ना चाहिए। हम शिक्षा के मंदिर को बचाने के लिए देश भर से अपील करते हैं कि वो हमारे साथ रहें। उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों में छात्रों के हित को सबसे ऊपर रखा जाए।
अखिलेश यादव ने एक्स पर पोस्ट कर लिखा कि जौहर विश्वविद्यालय के छात्रों और उनके अभिभावकों की लड़ाई में समाजवादी पार्टी पूरी तरह उनके साथ है। उन्होंने आरोप लगाया कि भाजपा बदले की भावना से यूनिवर्सिटी को अपनी राजनीति का शिकार बनाने की कोशिश कर रही है। इस कार्रवाई के खिलाफ पार्टी का हर छोटा-बड़ा नेता छात्रों के साथ खड़ा है।
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा सरकार छात्रों के सपनों पर बुलडोजर चलाने की कोशिश कर रही है। उन्होंने कहा कि यहां हर समाज के बच्चे पढ़ते हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि जौहर यूनिवर्सिटी में ऐसे परिवारों के बच्चे भी पढ़ते हैं जिनकी आर्थिक स्थिति मजबूत नहीं है। इन परिवारों के लिए महंगे निजी विश्वविद्यालयों में बच्चों को पढ़ाना आसान नहीं होता। इसलिए सरकार को ऐसा कोई कदम नहीं उठाना चाहिए जिससे इन छात्रों की शिक्षा प्रभावित हो।
सपा अध्यक्ष ने भाजपा सरकार से अपील की कि यदि उसके मन में छात्रों, उनके परिवारों और समाज के लिए थोड़ी भी सहानुभूति है तो वह इस मामले का कोई वैकल्पिक समाधान निकाले।
अखिलेश यादव ने आरोप लगाया कि भाजपा शिक्षा के खिलाफ काम कर रही है। उन्होंने कहा कि पढ़े-लिखे लोग वैज्ञानिक सोच रखते हैं, अन्याय के खिलाफ आवाज उठाते हैं और सवाल भी पूछते हैं। उन्होंने आरोप लगाया कि यही वजह है कि भाजपा सरकार शिक्षित समाज को पसंद नहीं करती। भाजपा और उसके सहयोगी गांव-गांव में प्राथमिक विद्यालयों से लेकर विश्वविद्यालयों तक शिक्षा संस्थानों को कमजोर करने की योजनाएं चला रहे हैं।
अखिलेश यादव ने कहा कि जब प्रदेश में प्राथमिक स्कूल बंद किए गए थे, तब समाजवादी पार्टी ने पीडीए पाठशाला अभियान चलाकर उस कोशिश को नाकाम किया था। उन्होंने आरोप लगाया कि अब भाजपा की नजर विश्वविद्यालयों पर है। सपा प्रमुख ने कहा कि जौहर यूनिवर्सिटी पर हो रही कार्रवाई हर समाज के छात्रों के खिलाफ एक साजिश है।
Updated on:
19 Jul 2026 03:39 pm
Published on:
19 Jul 2026 03:39 pm
