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जब चलती मालगाड़ी बंटी दो हिस्सो में

राजधानी रूट पर कोयले से भरी मालगाड़ी दो हिस्सो में बंटी, चालक की सतर्कता से टला बड़ा हादसा, चार घंटे बाद चलाया मालगाड़ी को

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goods train accident

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रतलाम. दिल्ली मुंबई राजधानी रेल मार्ग पर रेल मंडल में गोधरा से रतलाम तरफ आ रही कोयले से भरी मालगाड़ी दो भाग में बंट गई। इस दौरान मालगाड़ी करीब आधा किलोमीटर तक आगे निकल गई। समय रहते मालगाड़ी के चालक प्रधान मीणा व गार्ड रितेश चौधरी को इसके बारे में पता चल गया तो सूचना देकर दो भाग में बंटी मालगाड़ी को फिर से जोड़ा जा सका। सूचना समय पर नहीं मिलती तो बड़ा हादसा हो सकता था। रेलवे के आला अधिकारियों के अनुसार चलती मालगाड़ी में कपलिंग खुलने की घटना को गंभीरता से लिया गया है। घटना बामनिया रेलवे स्टेशन के करीब की है।

दिल्ली - मुंबई मुख्य रेलमार्ग पर बामनिया स्थित रेलवे स्टेशन के करीब बने हुए रेलवे फाटक के समीप शाम करीब 7.10 बजे को डाउनलाइन पर पोल नंबर 608/31 के समीप रतलाम की तरफ आ रही कोयले से भरी मालगाड़ी की कपलिंग टूटने की वजह से दो हिस्सों बंट गई। इससे मालगाड़ी का इंजन वाला भाग आधा किलोमीटर दूर रेलवे फाटक तक पहुंच गया। उस समय मालगाड़ी की रफ्तार बहुत ही कम थी इसलिए लोको पायलट ने तुरंत ही मालगाड़ी को रोक लिया। फिर अगले हिस्से को पिछे लाकर ट्रैक पर छूट गए वैगन को जोड़ा। लोको पायलट मीणा ने रेलवे नियंत्रण कक्ष को बाद में मैसेज कर जानकारी दी। इधर रेलवे फाटक बंद होने से वाहनों की कतार लग गई। मालगाड़ी की खुली कपलिंग को जोडऩे में तो 15 मिनट का समय लगा, लेकिन इसके बाद मालगाड़ी की जांच करने में चार घंटे से अधिक समय लगे।

एक सप्ताह में दूसरी घटना
रेल मंडल में एक सप्ताह में मालगाड़ी की कपलिंग याने की दो डिब्बों को जोडऩे ेवाली जंजीर के टूटने की यह दूसरी घटना है। इसके पूर्व पिछले सप्ताह ही रतलाम रेलवे स्टेशन पर मालगाड़ी का कपलिंग खुल गया था। इससे अवंतिका एक्सपे्रस करीब 10 मिनट से अधिक लेट हुई थी। एक बार फिर चलती मालगाड़ी में इस प्रकार की घटना ने कैरेज एंड वैगन विभाग के काम करने के तरीके पर सवाल उठा दिए है।

गंभीरता से लिया है
चलती मालगाड़ी में कपलिंग खुलने की घटना को गंभीरता से लिया गया है। भविष्य में इस प्रकार का दोहराव नहीं हो, इसका ध्यान रखे जाने के निर्देश दिए गए है।
- जेके जयंत, जनसंपर्क अधिकारी रतलाम रेल मंडल