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अजब-गजब: मध्यप्रदेश के इस शहर में ठेकेदार का अनोखा विरोध

अजब-गजब: मध्यप्रदेश के इस शहर में ठेकेदार का अनोखा विरोध

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lotan yatra

अजब-गजब: मध्यप्रदेश के इस शहर में ठेकेदार का अनोखा विरोध

मंदसौर.
काम करने के बाद राशि नहीं मिलने के कारण एक ठेकेदार ने अजब-गजब तरीके से विरोध प्रदर्शन किया। लंबे समय तक चक्कर काटने के बाद जब उसके द्वारा किए गए काम के बदले दी जाने वाली राशि का भुगतान उसे नहीं किया गया तो सोमवार को ठेकेदार ने सड़क पर लौटन यात्रा निकालकर अपना विरोध व्यक्त किया।

ठेकेदार द्वारा इस प्रकार ट्रैफिक के बीच सड़क पर लौटने के दृश्य को जिसने भी देख हर किसी के कदम थम गई और भीड़ जमा हो गई। बाद भी कुछ अन्य ठेकेदार यहां पहुंचे और उन्होंने समझाने का काम किया। यह पूरा वाक्या मध्यप्रदेश के मंदसौर शहर में हुआ। यहां ठेकेदार ने नपा के विरोध में सड़क पर लौटन यात्रा निकाली।


10 दिनों से जारी है विरोध
मंदसौर नगर पालिका परिषद द्वारा ठेकेदार गणपत से शौचालय बनवाने का काम करवाया गया था। इसमें गणपत ने 14 शौचालय बनाने का काम किए थे, लेकिन उसे मजदूरी स्वरुप दी जाने वाली राशि का अब तक भुगतान नहीं किया गया। लंबे समय तक नपा दफ्तर में मान मुनव्वल के बाद पिछले १० दिनों से वह नपा से लेकर आसपास के क्षेत्र में गांधी चौराहा सहित अन्य जगह पहुंचकर विरोध व्यक्त कर रहा है। जब इस पर भी बात नहीं बनी तो उसने सोमवार को सड़क पर लौटन यात्रा शुरु कर दी।


गांधी चौराहा से भारत माता चौराहा तक निकली यह यात्रा
यात्रा गांधी चौराहे से शुरू की थी और भारत माता चौराहे तक निकाली गई। यहां पर कुछ पर कुछ ठेकेदारों ने पहुंचकर समझाया। इसके बाद यात्रा समाप्त हुई। नगर पालिका सीएमओ का कहना है कि ठेकेदार को कोई पैसा नहीं दिया जाएगा क्योंकि उसने सुलभ कांप्लेक्स का कार्य अच्छे से नहीं किया है घटिया सामग्री का इस्तेमाल किया गया है। चाहे वह लोटन यात्रा जाए या वह खड़े होकर यात्रा करें नगर पालिका उसका भुगतान नहीं करेगी और नगर पालिका द्वारा पहले भी कई बार ठेकेदार को नोटिस दिए हैं उसके बाद भी काम सुधारा नहीं गया है।

इधर ठेकेदार का कहना है कि शहर के खानपूरा क्षेत्र में उसने १४ शौचालय का काम किया था। इनका शुभारंभी विधायक यशपालसिंह सिसौदिया ने किया था। यदि घटिया काम है तो शुभारंभ क्यों किया गया और उस काम में सुधार हो सकता है और नपा के अधिकारी-कर्मचारी की निगरानी में काम किया गया है। फिर सजा सिर्फ ठेकेदार को क्यों। इसलिए विरोध किया। बकाया राशि का भुगतान नहीं करने की स्थिति में यह यात्रा निकालकर विरोध सड़कों पर व्यक्त किया है। यदि भुगतान नहीं किया गया तो आगे और तीखा विरोध प्रदर्शन करुंगा। अपने हक के लिए लड़ रहा हुं नपा की मेहरबानी के लिए नहीं।