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रतलाम मेडिकल कॉलेज में अब एमबीबीएस की 200 सीटें करने की तैयारी

मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस ही नहीं विषय विशेषज्ञता (पीजी) की भी सीटें अगले साल से बढऩे वाली है। इसके लिए मेडिकल कॉलेज की तरफ से नेशनल मेडिकल काउंसिल (एनएमसी) को प्रस्ताव भेज दिया गया है।

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मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस ही नहीं विषय विशेषज्ञता (पीजी) की भी सीटें अगले साल से बढऩे वाली है।

रतलाम. मेडिकल कॉलेज में एमबीबीएस ही नहीं विषय विशेषज्ञता (पीजी) की भी सीटें अगले साल से बढऩे वाली है। इसके लिए मेडिकल कॉलेज की तरफ से नेशनल मेडिकल काउंसिल (एनएमसी) को प्रस्ताव भेज दिया गया है। इससे जुड़ी अन्य महत्वपूर्ण जानकारियां एनएमसी ने मांगी है। इन्हें भेजने के लिए भी मेडिकल कॉलेज की तरफ से तैयारी पूरी कर ली गई है। संभवत: अगले माहों में एनएमसी की टीम फिजिकली या फिर ऑनलाइन ही विजिट करके इन पर सहमति दे सकती है। इससे न केवल मरीजों को रतलाम में और बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं मुहैया होगी वरन रतलाम के साथ ही प्रदेश के अन्य जिलों में एक साथ खुले पांच अन्य मेडिकल कॉलेजों से भी हमारे रतलाम का मेडिकल कॉलेज सीट संख्या से लेकर संसाधनों के मामले में काफी आगे निकल जाएगा। इतनी सीटें करने के लिए मेडिकल कॉलेज प्रबंधन संसाधन, फेकल्टी और संख्या के मान से व्यवस्थाएं पूरी करने की तैयारी में जुट गया है।

150 से शुरू हुआ था मेडिकल कॉलेज

मेडिकल कॉलेज की शुरुआत 150 एमबीबीएस सीटों से हुई थी। इसके बाद केंद्र सरकार की ईडब्ल्यूएस योजना लागू होने पर सीटें बढक़र 180 सीटों हो गई थी। 200 करने के लिए शासन की तरफ से ही मेडिकल कॉलेज को मिले पत्र आधार कॉलेज ने 200 सीटों के लिए प्रस्ताव भेजा है।

मरीजों की संख्या भी अहम रहती

कितनी फेकल्टी लगेगी, क्या-क्या इंस्ट्रूमेंट, संसाधन चाहिए होंगे इसकी डिटेल रिपोर्ट तैयार कर ली गई है। इसमें मेडिकल कॉलेज के हर डिपार्टमेंट का रोल रहता है किंतु सबसे अहम फेकल्टी, यहां इलाज के लिए आने वाले और भर्ती होने वाले मरीजों की संख्या सबसे अहम रहती है।

पीजी में इस अभी 82 सीटें

मेडिकल कॉलेज में 2023 में पहली बार पीजी की 57 सीटें स्वीकृत हुई थी। इसके बाद 2024 में फिर से और सीटें स्वीकृत हुई और इनकी संख्या 82 हो गई। करीब एक दर्जन से ज्यादा डिपार्टमेंट में ये 82 पीजी की सीटें हैं। नए प्रस्ताव में 44 और सीटें बढ़ाने का है। इससे मेडिकल कॉलेज में पीजी की सीटें बढक़र 126 हो जाएंगी।

केंद्र सरकार की है यह योजना

मेडिकल कॉलेज सूत्र बताते हैं कि सीटें बढ़ाने की योजना केंद्र सरकार की है। केंद्र सरकार प्रत्येक सीट बढऩे पर उस मेडिकल कॉलेज को अनुदान देगी और इसी राशि से इन सीटों के लिए संसाधनों की पूर्ति की जा सकेगी। यह प्रस्ताव पीजी और यूजी दोनों के लिए है। इसमें ज्यादातर डिपार्टमेंट वे ही हैं जिनमें पहले से सीटें स्वीकृत है।

इन विभागों में मांगी सीटें

मेडिकल कॉलेज की तरफ से पीजी की जिन 44 सीटों की मांग की गई उनमें एनाटॉमी, पैथालॉजी, फार्मेकोलॉजी, माइक्रोबायोलॉजी, कम्युनिटी मेडिसीन, फारेंसिक मेडिसीन, जनरल सर्जरी, प्रसूति विभाग, जनरल मेडिसीन, पीडियाट्रिक, ऑप्थेल्मोलॉजी, एनस्थेसिया, चर्मरोग विभाग की हैं।

फैक्ट फाइल

अभी एमबीबीएस सीटें - 180

प्रस्तावित की गई - 20

सीटें हो जाएंगी - 200

पीजी सीटें अभी - 82

प्रस्तावित की गई - 44

सीटें हो जाएंगी - 126

विस्तृत जानकारी भेजने की तैयारी

पीजी और यूजी में सीटें बढ़ाने का प्रारंभिक प्रस्ताव भेजा जा चुका है। अब डिटेल रूप से प्रस्ताव बना लिया गया है कि सीटें बढऩे की स्थिति में क्या-क्या जरुरतें बढ़ेंगी और किस तरह से मैनेज किया जाएगा। जल्द ही यह प्रस्ताव भी भेज देंगे।

ड़ॉ. अनिता मुथा, डीन, मेडिकल कॉलेज रतलाम