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रेल मंत्री के दखल के बाद हुआ काम शुरू

जावरा फाटक अंडरब्रिज में पानी रिसाव का मामला

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रतलाम। करीब तीन वर्षो से जावरा फाटक अंडरब्रिज में से बगैर बारिश के भी पानी का रिसाव हो रहा था। इसकी वजह रेलवे के इंजीनियरों ने पिछले दिनों किए निरीक्षण में ब्रिज निर्माण के दौरान रेलवे की तरफ से तकनीकी खामी माना था। अब जब मामले में सोशल मीडिया पर रेलमंत्री को ये ट्वीट किया गया, कि लगातार पानी आने से ट्रैक व ब्रिज कमजोर होगा व किसी दिन बड़ा रेल हादसा होगा तो जानकारी लेने के बाद रेल मंत्री ने ट्वीट से ही समस्या को तुंरत सुलझाने के आदेश जारी कर दिए। इसके बाद रेलवे ने ब्रिज के करीब पानी निकासी के लिए बड़ी नाली बनाना शुरू कर दिया है।

असल में वर्ष २००९-१० में नीमच-रतलाम-इंदौर-खंडवा आमान परिवर्तन योजना के दौरान ये मांग उठी थी, कि यहां पर आने-जाने वालों के लिए अंडर या ओवरब्रिज होना चाहिए। इसके लिए स्थानीय निवासियों ने जावरा फाटक संघर्ष समिति बनाई व वर्ष २०१२ तक लंबा अंादोलन किया। इसके बाद यहां पर राज्य सरकार व रेलवे ने मिलकर अंडरब्रिज की मांग को मंजूर किया।

पानी निकासी की व्यवस्था नहीं

रेलवे के इंजीनियरिंग विभाग के सेक्शन अधिकारियों का मानना है कि ट्रैक का निर्माण तो हो गया, लेकिन पानी निकासी की व्यवस्था नहीं की गई। इसके अलावा बारिश का पानी बहकर कही जा सके, इसके लिए विचार तत्कालीन समय में निर्माण करने वाले एजेंसी से लेकर रेलवे अधिकारियों तक ने ध्यान नहीं रखा। एेसे में अब पानी का लगातार रिसाव हो रहा है।

लगातार किए ट्वीट

इस मामले में लगातार सोशल मीडिया पर ट्वीट कुछ दिन में हुए है। इसके बाद रेलवे ने इसको गंभीरता से लिया। इससे लाभ ये हुआ की रेलवे के सेक्शन इंजीनियरों का दल यहां पर पहुंचा व ट्रैक से लेकर इस बात का अध्ययन किया की पानी का रिसाव हो कहां से रहा है। इसके बाद अब रेलवे ने पानी की सही निकासी के लिए निर्माण कार्य की शुरुआत रविवार सुबह से की है। रेलवे के सेक्शन इंजीनियरों का कहना है कि ट्रैक पर पानी का जमावाड़ न हो व ब्रिज को रिसाव से नुकसान न हो इसके लिए रेलमंत्री द्वारा ट्वीट पर दिए गए निर्देश के बाद ही निर्माण कार्य किया जा रहा है।

हजारों यात्रियों को नुकसान होता

लगातार पानी रिसाव के बाद रेलवे को ट्वीट किया था। ये खुशी की बात है कि इसको गंभीरता से लिया गया। किसी दिन ब्रिज को गंभीर नुकसान होता तो ये हजारों रेल यात्रियों की जान से खिलवाड़ वाली बात होती।

- शेरू पठान, ट्वीट करने वाले व्यक्ति

हर ट्वीट को गंभीरता से लेते है

रेलवे हर ट्वीट व यात्री की समस्या को गंभीरता से लेती है। पानी रिसाव की समस्या का स्थयी समाधान करना शुरू कर दिया है। नए निर्माण से रिसाव बंद हो जाएगा।

- जेके जयंत, जनसंपर्क अधिकारी, रतलाम रेल मंडल