
आम्रपाली बायर्स के लिए अच्छी खबर, बकाया रुपया लेकर पूरे किए जाएंगे अधूरे प्रोजेक्ट्स
नर्इ दिल्ली। आम्रपाली ग्रुप में घर खरीदने वाले बायर्स के लिए अच्छी खबर है। जल्द ही उन लोगों को उनका आशियाना मिलने की उम्मीद जग गर्इ है, जो सालों से पजेशन का इंतजार कर रहे हैं। वास्तव में अब यह जिम्मेदारी सरकारी कंपनी एनबीसीसी ने उठार्इ है। कंपनी ने इसका पूरा ब्लू प्रिंट आैर रोडमैप भी तैयार कर लिया है। एनबीसीसी ने अपने पूरे रोडमैप एवं प्लान को सुप्रीम कोर्ट को सौंप दिया है। आइए आपको भी बताते हैं कि आखिर एनबीसीसी ने क्या रोडमैप तैया किया है।
एेसे जुटाएं जाएंगे 8500 करोड़ रुपए
आम्रपाली ग्रुप के 46,575 फ्लैट को पूरा करने के लिए 8500 करोड़ रुपए की जरुरत है। जिसके लिए एनबीसीसी ने फंड जुटाने का प्लान बना लिया है। एनबीसीसी ले आम्रपाली के एेसे 4,885 फ्लैटों को बेचने का प्लान बनाया जिनकी बिक्री अभी तक नहीं हुर्इ है। उससे 27 अरब रुपए की रकम जुटने का अनुमान है। वहीं पुराने घर खरीदारों से बकाया रकम के रूप में करीब 40 अरब रुपए मिलने के आसार हैं। वहीं एनबीसीसी कुछ और तरीकों से भी रुपया जुटाने की जुगत में हैं।
सभी अकाउंट की होगा फाॅरेंसिक आॅडिट
सुप्रीम कोर्ट ने ऋण वसूली न्यायाधिकरण यानि डीआरटी को आम्रपाली की 16 संपत्तियों को बेचने का आदेश दिया है। कोर्ट को 16 अरब रुपए वसूल होने के आसार हैं। वसूली गई रकम एनबीसीसी को निर्माण के लिए दी जाएगी। कोर्ट ने आम्रपाली ग्रुप की 46 कंपनियों के बैंक अकाउंट और बैलेंस शीट की फरेंसिक ऑडिट कराने का भी फैसला सुनाया है। अगर सब कुछ ठीक ठाक रहता है तो आने वाले कुछ महीनों में आम्रपाली के बायर्स को उनका सपनों का आशियाना मिल जाएगा।
Published on:
29 Nov 2018 10:48 am
