धर्म और अध्यात्म

हे प्रभु ऐसी कृपा करो कि मैं संकटों से डर कर भागूं नहीं, उनका सामना करूं : रवींद्रनाथ टैगोर

मेरे नाथ, तुम मुझे अपने दुःखों पर विजय प्राप्त करने की शक्ति दो : रवींद्रनाथ टैगोर

2 min read
Mar 06, 2020
हे प्रभु ऐसी कृपा करो कि मैं संकटों से डर कर भागूं नहीं, उनका सामना करूं : रवींद्रनाथ टैगोर

मुझे अपने दुःखों पर विजय प्राप्त करने की शक्ति दो

हे प्रभु मेरी केवल एक ही कामना है कि मैं संकटों से डर कर भागूं नहीं, उनका सामना करूं। इसलिए मेरी यह प्रार्थना नहीं है कि संकट के समय तुम मेरी रक्षा करो बल्कि मैं तो इतना ही चाहता हूं कि तुम उनसे जूझने का बल दो। मैं यह भी नहीं चाहता कि जब दुःख सन्ताप से मेरा चित्त व्यथित हो जाय तब तुम मुझे सान्त्वना दो। मैं अपनी अञ्जलि के भाव सुमन तुम्हारे चरणों में अर्पित करते हुए इतना ही मांगता हूं कि तुम मुझे अपने दुःखों पर विजय प्राप्त करने की शक्ति दो।

कठिन से कठिन घड़ियों में भी मैं हिम्मत न हारूं

जब किसी कष्टप्रद और संकट की घड़ी में मुझे कहीं से कोई सहायता न मिले तो मैं हिम्मत न हारूं। किसी और स्रोत से सहायता की याचना न करूं, न उन घड़ियों में मेरा मनोबल क्षीण होने पाये। हे प्रभो! मुझे ऐसी दृढ़ता और शक्ति देना जिससे कि मैं कठिन से कठिन घड़ियों में भी−संकटों और समस्याओं के सामने भी दृढ़ रह सकूं और तुम्हें हर घड़ी अपने साथ देखते हुए उन्हें हंसी खेल समझ कर अपने चित्त को हल्का रखूं। मैं बस यही चाहता हूं।

तुम्हारा विश्वास मेरे लिए शक्ति बने

चाहे जैसी ही प्रतिकूलताएं हों, व्यवहार में मुझे कितनी ही हानि क्यों न उठानी पड़े इसकी मुझे जरा भी परवाह नहीं है। लेकिन प्रभु मुझे इतना कमजोर मत होने देना कि मैं आसन्न संकटों को देखकर हिम्मत हार बैठूं और यह रोने बैठ जाऊं कि अब क्या करूं मेरा सर्वस्व छिन गया। प्रभु तुम्हारा और केवल तुम्हारा विश्वास ग्रहण कर लोगों ने अकिंचन अवस्था में रहते हुए भी इतिहास की श्रेष्ठ उपलब्धियां प्राप्त की हैं। मैं इतना ही चाहता हूं कि तुम्हारा विश्वास मेरे लिए शक्ति बने याचना नहीं, सम्बल बने−क्षीणता नहीं। बस इतनी ही कृपा करना।

**************

Published on:
06 Mar 2020 04:15 pm
Also Read
View All

अगली खबर