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स्टॉफ की कमी से जूझ रहा स्वास्थ्य केन्द्र, इलाज के लिए भटकते मरीज

स्टॉफ की कमी से जूझ रहा स्वास्थ्य केन्द्र, इलाज के लिए भटकते मरीज

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रीवा

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Anil Kumar

Sep 11, 2019

Case of Community Health Center Nayagarhi

Case of Community Health Center Nayagarhi

रीवा/नईगढ़ी. वर्षों से अस्पताल स्टॉफ की कमी से जूझ रहा है। साथ ही कटे-फटे बेड और दवाइयों का टोटा होने से मरीजों का अस्पताल से मोह भंग होता जा रहा है। इलाज के लिए मरीज भटकते रहते हैं।

नई गढ़ी सामुदायिक केंद्र का मामला
हम बात कर रहे हैं सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र नईगढ़ी की। एक ओर जहां केन्द्र सरकार से लेकर प्रदेश सरकार द्वारा सरदार बल्लभ भाई पटेल के नाम पर 101 प्रकार की दवाइयां उपलब्ध कराने की बात कही जा रही है वहीं दूसरी ओर समुदायिक स्वास्थ्य केन्द्रों में स्थिति अलग है। यहां दवा वितरण केन्द्र में दवाइयां नहीं मिलती जिससे मरीजों को मेडिकल स्टोर से दवाएं खरीदनी पड़ रही हैं। बताया गया है कि समुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र नईगढ़ी 30 बिस्तर का है लेकिन यहां सिर्फ 10 बिस्तर वे भी कटे-फटे हैं। मरीजों को चादर घर से लानी पड़ती है। यहां पर मेडिसिन एवं स्त्री रोग विशेषज्ञ नहीं हैं। तीन विशेषज्ञों के पद स्वीकृत हैं लेकिन एक भी पदस्थ नहीं हंै। साथ ही डे्रसर और चौकीदार भी नहीं है। हालांकि नर्सों की पदस्थापना है जिनके भरोसे अस्पताल चल रहा है। यहां कई अव्यवस्थाएं हैं, जिससे अस्पताल खुद ही बीमार है। इससे अंदाजा लगाया जा सकता है कि मरीजों को कैसे इलाज मिल पाता होगा। कई मरीजों ने बताया कि विशेषज्ञ चिकित्सक नहीं होने के कारण उनको इलाज के लिए रीवा या फिर इलाहाबाद जाना पड़ता है। अस्पताल के बीएमओ बताते हैं कि उन्होंने स्टॉफ की नियुक्ति के लिए विभाग को लिखा है लेकिन कोई पहल नहीं की जा रही है।
अस्पताल में बढ़ा मरीजों का ग्राफ
गुढ़़. इस समय तेज धूप एवं उमस भरी गर्मी के कारण मौसमी बिमारियां बढ़ रही हैं जिससे सामुदायिक स्वास्थ्य केन्द्र गुढ़ में मरीजों का ग्राफ बढ़ गया है। डॉ. कल्याण सिंह ने बताया कि पेट दर्द, खांसी, उल्टी, दस्त, वायरल फीवर के सर्वाधिक मरीज अस्पताल में पहुंच रहे है। एक सप्ताह से बदले मौसम के तेवर ने लोगों में कई तरह की बिमारी को जन्म दिया है। जिसस महिलाएं, बच्चे व युवा वर्ग सर्वाधिक ग्रसित हो रहे है। एक सप्ताह से 150 से 200 तक ओपीडी पहुंच गई है। उन्होंने मरीजों से साफ-सफाई रखने और पानी उबालकर व छानकर पीने के लिए कहा है। इससे मरीजों के सेहत में बहुत कुछ सुधार आएगा।