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जिला अधिवक्ता संघ रीवा के चुनाव की सरगर्मी बढ़ी

नान प्रैक्टिशनरों का खंगाल रहे पता-ठिकाना, मतदान को दो दिन शेष, घर-घर पहुंच रहे अभ्यर्थी

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Rewa District Advocate Union election

Rewa District Advocate Union election

रीवा. जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव के लिए मतदान को अब केवल दो दिन शेष बचा है। जिससे प्रचार को लेकर अभ्यर्थियों के बीच घमासान मचा हुआ है। एक ओर जहां अध्यक्ष सहित विभिन्न पदो के अभ्यर्थी मतदाताओं को अपने पक्ष में करने के लिए घर-घर जा रहे हैं। वहीं दूसरी ओर नान प्रैक्टिशनरों का पता-ठिकाना भी खंगालने में जुटे हुए हैं। क्योंकि माना यह जा रहा है कि अध्यक्ष सहित उपाध्यक्ष एवं सचिव के पद में जीत-हार का गणित नान प्रैक्टिशनर अधिवक्ताओं पर ही टिका होता है। प्रत्याशियों को चुनाव जिताने एवं हराने में इनकी भूमिका हमेशा महत्वपूर्ण रही है।

बता दें कि इस समय जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव की प्रक्रिया चल रही है। नामांकन के बाद अब प्रचार-प्रसार का दौर चल रहा है। मतदान के लिए केवल दो दिन का समय बचा है। सभी पदों के लिए 27 सितंबर को सुबह 9 बजे से शाम 5 बजे तक मतदान होगा। समय कम होने से अध्यक्ष सहित सभी पदों के अभ्यर्थी अधिवक्ताओं के चेंबर तो पहुंच ही रहे हैं साथ ही उनके घर-घर भी जाकर समर्थन मांग रहे हंै। मजे की बात तो यह है कि सीनियरों को देखकर चुपचाप निकल जाने वाले अधिवक्ता अब चुनाव मैदान में आने के बाद उनकी जी-हुजूरी करते देखे जाते हैं।

सीनियरों की रहती है बड़ी भूमिका
जिला अधिवक्ता संघ के चुनाव में सीनियर अधिवक्ता भले ही चुनाव मैदान में नहीं उतरें लेकिन इस चुनाव में उनकी बड़ी भूमिका रहती है। सीनियर अधिवक्ताओं के चेंबर एवं घरों में ही किसी को हराने-जिताने की रणनीति बनती है। सीनियरों का आदेश भी जूनियर अधिवक्ता मानते हैं, जिससे चुनाव का गणित अभी तक सीनियर अधिवक्ता ही तय करते आ रहे हैं। इस बार के चुनाव में भी उनकी भूमिका महत्वपूर्ण मानी जा रही है।

नान प्रैक्टिशनरों पर लगाते हैं दांव
जिला अधिवक्ता संघ में लगभग 60 से 70 फीसदी अधिवक्ता नान प्रैक्टिशनर हैं। वे नियमित रूप से वकालत नहीं करते। लेकिन उनका नाम अधिवक्ता संघ में एवं मतदाता सूची में दर्ज है। ये अधिवक्ता अपने घरों का या अन्य कार्य करते हैं लेकिन चुनाव आने पर इनकी पूछ-परख बढ़ जाती हैै। बताया जा रहा है कि अधिवक्ता संघ के वर्तमान अध्यक्ष एवं स्टेट बार काउंसिल के सदस्य इन्हीं अधिवक्ताओं के मतों के चलते जीत दर्ज कराते चले आ रहे हैं। इसलिए माना जा रहा है कि जो अभ्यर्थी जितने अधिक नान प्रैक्टिशनर अधिवक्ताओं को अपने पक्ष में कर लेगा उसकी जीत उतनी ही पक्की हो जाएगी।

तीन हजार अधिवक्ता पंजीकृत
जिला अधिवक्ता संघ में तीन हजार अधिवक्ता पंजीकृत हैं। इन में से लगभग 24 अधिवक्ताओं का नाम मतदाता सूची में आ चुका है। इसके अलावा जिन अधिवक्ताओं ने ऑनलाइन शुल्क जमा किया है उनका नाम भी मतदाता सूची में जुड़ेगा। जिससे मतदाताओं की संख्या बढ़ेगी। चुनाव कमेटी द्वारा अभी फाइनल मतदाता सूची जारी नहीं की गई है।

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मतदान की सभी जरूरी तैयारियां पूरी की ली गई हैं। मतदाता सूची लगभग फाइनल हो गई है। मतदान के लिए अधिवक्ताओं की ड्यूटी लगाई जा रही है, तथा कक्षों का निर्धारण कर लिया गया है। इस महत्वपूर्ण कार्य में सभी अधिवक्ताओं का सहयोग मिल रहा है।
शारदा प्रसाद मिश्रा, मुख्य निर्वाचन अधिकारी
जिला अधिवक्ता संघ रीवा