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लापरवाही से किसानों के 208 करोड़ रुपए के बिल जनरेट नहीं हुए

दो सप्ताह बाद भी जनरेट नहीं हो पा रहे बिल, भुगतान के लिए किसान परेशान सागर. समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने वाले किसानों के बिल जनरेट करने और समय पर भुगतान न होने से परेशानियां हो रहीं हैं। फसल आने के बाद भी किसानों को उधारी चुकाने और शादी विवाह के लिए कर्ज लेना पड़ […]

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सागर

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Nitin Sadaphal

May 12, 2025

Big decision to provide 4 percent incentive to farmers in MP

Big decision to provide 4 percent incentive to farmers in MP- Demo pic

दो सप्ताह बाद भी जनरेट नहीं हो पा रहे बिल, भुगतान के लिए किसान परेशान

सागर. समर्थन मूल्य पर गेहूं बेचने वाले किसानों के बिल जनरेट करने और समय पर भुगतान न होने से परेशानियां हो रहीं हैं। फसल आने के बाद भी किसानों को उधारी चुकाने और शादी विवाह के लिए कर्ज लेना पड़ रहा है। खरीदी में लगे अधिकारियों-कर्मचारियों की लापरवाही से 15-15 दिन बाद भी खरीदी के बिल जनरेट नहीं हो रहे हैं। लापरवाही का आलम ये है कि करीब 208 करोड़ रुपए के बिल जनरेट नहीं हो पाए हैं। भुगतान की स्थिति भी कछुआ गति से चल रही है। 868 करोड़ रुपए का अनाज खरीदने के बाद मात्र 475 करोड़ रुपए का ही भुगतान हो पाया है जबकि 660 करोड़ रुपए का अनाज परिवहन के बाद स्वीकृत कर लिया गया है।

11 हजार अधिक किसानों के पंजीयन

2425 समर्थन मूल्य और 175 रुपए बोनस के लिए इस वर्ष करीब 11 हजार अधिक किसानों ने पंजीयन कराया था। 177 केंद्रों पर खरीदी भी खूब हो रही है। 39305 किसान गेहूं बेच चुके हैं, जबकि अभी भी 45522 किसानों की स्लॉट बुकिंग बनी हुई है।

फैक्ट फाइल

334030 मीट्रिक टन खरीदी
283520 मीट्रिक टन परिवहन हो गया
90 प्रतिशत परिवहन हुआ गेहूं स्वीकृत
868 करोड़ रुपए खरीदी मात्रा पर देय राशि
660 करोड़ रुपए स्वीकृत मात्रा पर देय राशि
475 करोड़ रुपए मात्र किसानों को भुगतान हुआ

-28 अप्रेल को नयाखेड़ा से केरबना खरीदी केंद्र जाकर 74 क्विंटल गेहूं बेचा था लेकिन भुगतान छोडि़ए आज तक बिल जनरेट नहीं हुए हैं। पैसों की आवश्यकता है, उधारी चुकाना है।
- कृष्णपाल ठाकुर, किसान।

-खरीदी के बाद किसानों के भुगतान की प्रक्रिया चल रही है। खरीदी में लगाए गए अधिकारियों-कर्मचारियों को निर्देश दिए गए हैं कि किसानों का समय पर भुगतान कराने के प्रयास करें।
- ज्योति बघेल, जिला आपूर्ति नियंत्रक।