
स्टाफ से चर्चा करती हुईं विधायक
बीना. सिविल अस्पताल से मिल रही शिकायतों के बाद विधायक निर्मला सप्रे ने शुक्रवार की दोपहर सरकारी अस्पताल का औचक निरीक्षण किया। सूचना मिलने पर एसडीएम विजय डेहरिया भी मौके पर पहुंचे।
जब विधायक ने ओपीडी में ड्यूटी डॉक्टरों की जानकारी ली, तो डॉ. पल्लवी यादव, डॉ. आलोक सिंह और हेमंत पालिया नहीं मिले और ड्यूटी रजिस्टर पर हस्ताक्षर भी नहीं थे। डॉ. हेमंत पालिया विधायक के निरीक्षण की खबर मिलने पर अस्पताल पहुंचे थे, जिसपर विधायक ने ड्यूटी समय में ओपीडी में उपस्थित रहने के लिए कहा। ब्लॉक मेडिकल अधिकारी न होने पर डॉ. संजीव अग्रवाल को बुलाकर चर्चा की। विधायक ने एसडीएम को अनुपस्थित डॉक्टरों का 15 दिन का वेतन काटने की कार्रवाई करने और अव्यवस्थाओं को सुधारने के लिए निर्देशित किया है। विधायक ने कहा कि विधानसभा क्षेत्र की गरीब जनता अपना इलाज कराने के लिए सरकारी अस्पताल पर निर्भर रहती है, लेकिन यहां उन्हें किसी प्रकार की व्यवस्था नहीं है।
वार्डों में मिली गंदगी, आ रही थी बदबू
निरीक्षण के दौरान वार्डों में गंदगी और बदबू मिली, जिसपर विधायक ने नाराजगी जताते हुए कहा कि यहां आकर तो मरीज ज्यादा बीमार हो जाएंगे। प्रसूति गृह में गंदगी और बदबू के कारण वहां खड़े होना भी मुश्किल था। उन्होंने नियमित सफाई व्यवस्था कराने के निर्देश दिए। डॉक्टरों की कमी को देखते हुए जल्द ही मुख्यमंत्री और चिकित्सा मंत्री से मिलकर चिकित्सक बुलवाने की बात कही। अस्पताल की नई सोनोग्राफी मशीन बंद मिली, इसपर भी नाराजगी जताई।
गार्ड मिले अनुपस्थित
आउट सोर्स भर्ती से लगाए गए दोनों गार्ड अनुपस्थित मिले। टिटनेस के इंजेक्शन की कमी अस्पताल में मिली। साथ ही दंत चिकित्सा की मशीन का भी कोई उपयोग न होने से उसपर धूल जमी होने पर नाराजगी जताई।
Published on:
12 Apr 2025 12:07 pm
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