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पीएम मोदी ने संभल में बूढ़े बाबा का नाम लेकर लगाया जयकारा, कौन हैं बूढ़े बाबा?

Narendra Modi in Sambhal Kalki Dham: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने संभल में कल्कि धाम मंदिर का शिलन्यास किया। पीएम मोदी ने कार्यक्रम की शुरुआत कैलादेवी के बूढ़े बाबा के जयकारे से की। आखिर पीएम मोदी ने यहां उनका जिक्र क्यों किया? आइए, हम बूढ़े बाबा के बारे में आपको बताते हैं।

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Narendra Modi in Sambhal Kalki Dham

Narendra Modi in Sambhal Kalki Dham

Narendra Modi in Sambhal Kalki Dham: पीएम नरेंद्र मोदी ने कल्कि धाम मंदिर का शिल्यान्यास किया। उन्होंने अपने भाषण की शुरुआत बूढ़े बाबा के जयकारे से की। पीएम मोदी ने कहा कि हमें अपनी पहचान पर गर्व हो रहा है। कल्कि धाम को उन्होंने आस्‍था का केंद्र बनने की बात कही। उन्होंने कहा कि मंदिर में 10 रूपों में भगवान विराजमान होंगे। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि 500 सालों के इंतजार के बाद अयोध्या में भगवान श्रीराम का पदार्पण हुआ है। प्रभु श्रीराम अपने धाम में विराजमान हो रहे हैं।

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संभल के असमोली और रजपुरा क्षेत्र के सिरसा और कैलादेवी क्षेत्र के सारंगपुर गांव में बूढ़े बाबा का मंदिर है। यहां श्रद्धालुओं की काफी भीड़ उमड़ती है। वहां मेला लगता है। ऐसी मान्यता है कि बूढ़े बाबा के मंदिर पर जात लगाने से चर्म रोगों से मुक्ति मिलती है। इसी मान्यता से बूढ़े बाबा के मंदिरों पर विशेष पूजा-अर्चना होती है। जनवरी में बहुत भीड़ उमड़ती है। मंदिर के पास तालाब हैं, उसमें स्नान करते हैं।

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पीएम नरेंद्र मोदी ने बूढ़े बाबा का जिक्र करके इसकी उत्सुकता बढ़ा दी। साथ ही, पीएम मोदी ने कल्कि धाम को लेकर आचार्य प्रमोद कृष्‍णम की लंबी लड़ाई का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा ‌कि पिछली सरकारों से आचार्य कृष्‍णम को लंबी लड़ाई लड़नी पड़ी। आज उनकी लड़ाई सार्थक रूप ले रहा है। उन्होंने कहा कि देश ममें आज राष्ट्ररूपी मंदिर का नवनिर्माण हो रहा है। देश में आधुनिक ट्रेनें चल रही है। देश आज बुलेट ट्रेन चलाने की तैयारी कर रहा है। देश विकास के रास्ते पर चल रहा है। भारत आज विश्व के सामने उदाहरण पेश कर रहा है। ऐसे समय में हम सांस्कृतिक पुनर्जागरण के दौर को भी देख रहे हैं।