
संभल में फिर चलेगा बुलडोजर? Image Source Social Media
Illegal mosque mazar Sambhal: संभल जिले में अवैध निर्माण को लेकर प्रशासन ने एक बार फिर सख्त रुख अपना लिया है। चौधरी सराय इलाके में कब्रिस्तान की भूमि पर बनी मस्जिद और दादा मियां की मजार को प्रशासन ने नियमों के खिलाफ मानते हुए हटाने के निर्देश दिए हैं।
तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह द्वारा की गई जांच में सामने आया कि कब्रिस्तान की कुल 32 बीघा भूमि में से लगभग एक बीघा जमीन पर मस्जिद और मजार का निर्माण किया गया है, जबकि राजस्व विभाग के अभिलेखों में यह भूमि स्पष्ट रूप से कब्रिस्तान के नाम दर्ज है।
प्रशासन का कहना है कि कब्रिस्तान की भूमि का उपयोग केवल दफन कार्यों के लिए ही किया जा सकता है, किसी भी धार्मिक या व्यावसायिक निर्माण की अनुमति नियमों में नहीं है। इसी आधार पर मस्जिद और मजार को नियम विरुद्ध घोषित किया गया है।
इस मामले में मस्जिद कमेटी की ओर से प्रशासन से स्वयं निर्माण हटाने के लिए समय मांगा गया, जिस पर तहसीलदार ने मानवीय दृष्टिकोण अपनाते हुए 15 दिन का अल्टीमेटम दिया है। तय समयसीमा में स्वयं हटाने पर प्रशासन बल प्रयोग नहीं करेगा।
कार्रवाई के दौरान यह भी सामने आया कि इसी स्थान पर प्रत्येक शुक्रवार को बिना किसी प्रशासनिक अनुमति के साप्ताहिक बाजार लगाया जा रहा था। जांच के बाद तत्काल प्रभाव से इस बाजार को बंद करा दिया गया है।
प्रशासन का मानना है कि बिना अनुमति लगने वाले बाजार से भीड़भाड़ बढ़ती है, जिससे कानून-व्यवस्था बिगड़ने और आपसी विवाद की आशंका बनी रहती है। सुरक्षा को देखते हुए यह निर्णय एहतियातन लिया गया है।
निरीक्षण के दौरान किसी भी अप्रिय स्थिति से निपटने के लिए मौके पर पर्याप्त पुलिस बल तैनात रहा। प्रशासनिक अधिकारियों ने पूरे क्षेत्र का जायजा लेकर स्थिति का आकलन किया।
तहसीलदार धीरेंद्र कुमार सिंह ने स्पष्ट कहा है कि यदि 15 दिन की अवधि समाप्त होने के बाद भी मस्जिद और मजार को स्वयं नहीं हटाया गया, तो संबंधित पक्षों को नोटिस जारी कर कानूनी प्रक्रिया के तहत सख्त कार्रवाई की जाएगी।
संभल में पहले भी कब्रिस्तान की भूमि पर बने मकान और दुकानों को लेकर प्रशासनिक कार्रवाई हो चुकी है। ऐसे में यह मामला जिले में अवैध निर्माण के खिलाफ चल रहे अभियान को और तेज करता नजर आ रहा है।
Updated on:
07 Jan 2026 10:41 pm
Published on:
07 Jan 2026 10:41 pm
