सतना। शहर के डिलौरा बाइपास में गुरुवार सुबह टेंट हाउस के गोदाम में भीषण आग लग गई। सूचना पर पहुंची फायर ब्रिगेड ने छह घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। आग लगने का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं हो सका है। हालांकि शार्ट सर्किट से हादसे की आशंका जताई जा रही है। आग से टेंट हाउस में रखा लाखों रूपए का सामान जलकर खाक हो गया है।
जानकारी के मुताबिक, डिलौरा बाइपास क्षेत्र में महेश केशवानी का टेंट हाउस है। जिसमें सुबह लगभग 11 बजे किसी ने टेंट हाउस से धुंआ निकलते देखा तो पुलिस को सूचना दी। इसके बाद फायरब्रिगेड और पुलिसकर्मी मौके पर पहुंच गए। हालांकि जब तक फायर ब्रिगेड पहुंची आग ने विकराल रूप ले लिया था। किसी तरह फायरकर्मी टेंट हाउस के अंदर दाखिल हुए।
अंदर रखा सारा सामान आग की चपेट में आ चुका था। टेंट हाउस में रखे फोम के गद्दे और त्रिपाल धू-धू कर जल रहे थे। चारों ओर धुआं भर चुका था। फायरकर्मियों ने कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। हालांकि तब तक टेंट हाउस में रखा ज्यादातर सामान जलकर खाक हो चुका था।
दमकल की छह गाडि़यों ने छह घंटे बुझाई आग
टेंट हाउस में आग की सूचना मिलते ही सुबह 11.15 बजे दमकल की छह गाडि़यां मौके पर पहुंची और आग बुझाने में जुट गई। दमकल की छह गाडि़यों से दमकल कर्मचारियों ने लगातार छह घंटे तक आग में पानी की बैछार की तक कहीं जाकर शाम पांच बजे आग पर काबू पाया जा सका। आग बुझाने में तीस टैंकर पानी व 100 लीटर से अधिक कैमिकल का उपयोग किया गया।
20 किमी दूर से दिख रहा था धुआं
टेंट हाउस के अंदर फोम के गद्दे, तिरपाल व प्लास्टिक की कुर्सियों में लगी भीषण आग से उठा रहा काले धुएं का गुबार आसमान तक उठा रहा था। आग से उठ रहा काला धुआं आमसन में छा गया, जो बीस किलो मीटर दूर तक दिखाई दे रहा था। फायर स्टेशन के अधिकारियों की शहर में विगत पांच साल में आग लगने की यह दूसरी सबसे बड़ी घटना थी। इससे पहले औद्योगिक क्षेत्र सिंधीकैंप िस्थत तेल मिल में 2018 में भीषण आग लगी जिस पर 12 घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद काबू पाया गया था।