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सतना। रेलवे द्वारा पहली बार दो दिन के लिए जबलपुर-हरिद्वार के बीच ट्रायल के रूप में चलाई गई विशेष ट्रेन को नियमित चलाने की मांग जोर पकडऩे लगी है। रेलवे के जानकारों का कहना है कि महाकौशल एवं विंध्य से प्रतिदिन पांच सौ से अधिक यात्री हरिद्वार की यात्रा करते हैं। लेकिन यहां से हरिद्वार के लिए ट्रेन उपब्ध न होने के कारण यात्रियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है।
यदि रेलवे प्रशासन जबलपुर-हरिद्वार के बीच नियमित ट्रेन शुरू करता है तो इससे विंध्य लखनऊ, कानपुर, बरेली तथा हरिद्वार जैसे शहर ट्रेन मार्ग से सीधे जुड़ जाएंगे। ऐसे में यात्रियों को लाभ होगा तो रेलवे का राजस्व भी बढ़ेगा। जबलपुर-सतना होते हुए हरिद्वार तक नई ट्रेन चलाने की मांग विंध्य की जनता वर्षों से करती आ रही है।
तो...नए साल में रेलवे की नई सौगात होगी
यदि रेलवे जनता की मांग पर अपनी मुहर लगाता है तो नए साल में विंध्यवासियों के लिए रेलवे की नई सौगात होगी। जानकारों का कहना है, रेलवे राजस्व को लेकर चिंता करने की जरूरत नहीं हैं। राजस्व देने के मामले में जबलपुर-हरिद्वार ट्रेन रेलवे के लिए दूसरी रेवांचल एक्सप्रेस साबित होगी। विंध्य महाकौशल को उत्तराखंड से सीधे जोडऩे वाली नई ट्रेन को यात्री न मिलने का सवाल ही नहीं उठता। आरटीआई एक्टिविस्ट राजीव खरे ने डीआर सहित अन्य वरिष्ठ अधिकारियों को पत्र लिखा है। उन्होंने धन्यवाद देते हुए इस ट्रेन को नियमित चलाने की मांग की है।
क्या होगा लाभ
जबलपुर, सतना से हरिद्वार के लिए सीधी ट्रेन उपलब्ध न होने के कारण अभी महाकौशल एवं विंध्य के यात्रियों को इलाहाबाद एवं झांसी में ट्रेन बदलनी पड़ती है। जबलपुर-सतना होते हुए हरिद्वार तक नई ट्रेन चलने से विंध्य लखनऊ, कानपुर, बरेली जैसे व्यावसायिक नगरों से सीधे जुड़ जाएगा। इससे इन शहरों की व्यापारिक एवं धार्मिक यात्रा करने वाले यात्रियों को सीधी ट्रेन सेवा मिलने से बहुत लाभ होगा। लोग सहजता से यात्रा कर सकेंगे। सीधी ट्रेन सेवा शुरू होने से हरिद्वार तक आने वाले विदेशी पर्यटक विंध्य के चित्रकूट, मैहर, खजुराहो, बांधवगढ़ तथा संस्कारधानी की यात्रा कर सकेंगे। इससे विंध्य में पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा तो रेलवे को राजस्व की आय होगी।
फेरे बढ़ाने की मांग
विंध्य चेंबर ऑफ कॉमर्स ने कड़ाके की ठंड में ट्रायल के रूप में जबलपुर-हरिद्वार के बीच दो दिन चलाई गई स्पेशल ट्रेन के फेरे बढ़ाने की मांग की है। चेंबर अध्यक्ष द्वारिका गुप्ता ने रेलमंत्री पियूष गोयल व पश्चिम मध्य रेलवे जोन जबलपुर के महाप्रबंधक अजय विजयवर्गीय को पत्र लिखकर ट्रेन को छह माह तक ट्रायल के रूप में चलाने तथा इसके फेरे बढऩे को कहा है। चेम्बर का मानना है कि दो दिन 19 एवं 26 दिसंबर को ट्रायल के रूप में चलाई गई ट्रेन की जानकारी यात्रियों को अभी नहीं है। यदि रेलवे जबलपुर-हरिद्वार के बीच टे्रन का वास्तविक ट्रायल करना चाहता है तो उसे इस रूप पर छह माह तक सप्ताह में कम से कम तीन दिन ट्रेन चलानी चाहिए।
Published on:
26 Dec 2018 01:30 pm
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