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सड़कों के पुनः निर्माण को लेकर बनी विवाद की स्थिति, दो विभागों के पीएस आए आमने-सामने

पाइप लाइन और सीवर लाइन को लेकर विवाद , विवेक अग्रवाल ने सुलेमान से मांगी राहत
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सतना

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Suresh Mishra

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Updated: 26 Feb 2018, 12:18 PM IST

Pipeline and Sewer Line Controversy in Two departments PS of MP

Pipeline and Sewer Line Controversy in Two departments PS of MP

रमाशंकर शर्मा सतना। जलप्रदाय एवं सीवरेज परियोजनाओं के कार्यों में ठेकेदारों द्वारा मनमानी तरीके से सड़कों को खोदकर उसे वापस उसी स्थिति में नहीं लाने के कारण अब दो विभागों के पीएस आमने-सामने आ गए हैं। लोक निर्माण विभाग और एमपीआरडीसी द्वारा सड़क पुन: निर्माण के लिए ठेकेदारों से जहां राशि एवं बैंक गारंटी मांगी जा रही है।

वहीं नगरीय विकास एवं आवास विभाग ने ठेकेदार के कार्य अनुबंध में सड़क पुन: निर्माण को शामिल होना बताया है। अब इस मामले को लेकर प्रमुख सचिव नगरीय विकास एवं आवास विवेक अग्रवाल ने प्रमुख सचिव लोनिवि मोहम्मद सुलेमान को पत्र लिखकर राहत की बात कही है।

जलप्रदाय एवं सीवरेज परियोजनाओं के कार्य

दरअसल, नगरीय विकास एवं आवास विभाग अंतर्गत म.प्र. अर्बन डेवलपमेंट कंपनी द्वारा विभिन्न योजनाओं के तहत नगरीय निकायों में जलप्रदाय एवं सीवरेज परियोजनाओं के कार्य कराए जा रहे हैं। इन कामों के दौरान ठेकेदारों द्वारा कई स्थानों पर सड़कों की खुदाई की जाती है। लेकिन इनका नियमानुसार पुन: निर्माण नहीं किया जाता है। इससे जहां रोड खराब हो जाती है, वहीं आवागमन भी प्रभावित होने लगता है।

राशि एवं बैंक गारंटी जमा करने की बात

इसको देखते हुए लोक निर्माण विभाग के प्रमुख सचिव मोहम्मद सुलेमान ने ठेकेदारों को सड़क खोदने पर प्रतिबंध लगाते हुए पहले रोड पुन: निर्माण के लिए राशि एवं बैंक गारंटी जमा करने की बात कही है। इधर इस मामले को ठेकेदारों ने नगरीय विकास एवं आवास विभाग के अधिकारियों के संज्ञान में लाया है। अब ठेकेदारों के कार्य के दौरान सड़क पुन: निर्माण में की जाने वाली अनदेखी को लेकर दोनों विभागों के पीएस आमने सामने आ गए हैं।

प्रमुख अभियंता का अनाधिकार हस्तक्षेप
खुदाई के बाद सड़कों के पुन: निर्माण को लेकर चल रही तनातनी के बीच जहां पीएस नगरीय विकास ने पीएस लोनिवि को डीओ लिखकर राहत की मांग की है वहीं इस डीओ का हवाला देते हुए प्रमुख अभियंता मध्यप्रदेश अर्बन डेवलपमेंट कंपनी लिमिटेड आरके ब्यास ने सीधे कलेक्टर को पत्र लिख कर पीएस नगरीय विकास की मंशानुसार आदेश प्रसारित करने लेख कर दिया।

उनका अनाधिकार हस्तक्षेप

जबकि इस मामले में लोनिवि के अधिकारियों का कहना है कि यह उनका अनाधिकार हस्तक्षेप है। जब दो पीएस के बीच संवाद चल रहा है तो आदेश भी पीएस स्तर से ही आएगा। ऐसे में ब्यास को पीएस लोनिवि के आदेश का इंतजार करना था। वैसे भी लोनिवि और एमपीआरडीसी की सड़कों के मामले में विभाग अपने पीएस की मानेगा।

नगरीय विकास एवं आवास विभाग
प्रमुख सचिव नगरीय विकास एवं आवास विवेक अग्रवाल ने पीएस लोनिवि मोहम्मद सुलेमान को डीओ लेटर लिखा है। उसमें बताया है कि पाइपलाइन एवं सीवर लाइन बिछाने के लिए कतिपय स्थानों पर सड़कों को खोदा जाना आवश्यक होता है। इस डीओ में विवेक अग्रवाल ने इस बात का विशेष रूप से उल्लेख किया है कि पाइपलाइन डालने के उपरांत रोड को अपने मूल स्वरूप में लाने का कार्य, कार्य के अनुबंध अनुसार ठेकेदार द्वारा ही किया जाना है।

बिल ऑफ क्वांटिटी में उन सभी आइटमों का समावेश

इसके लिए कार्य के बिल ऑफ क्वांटिटी में उन सभी आइटमों का समावेश है जो सड़क को मूल स्वरूप में लाने के लिए आवश्यक हैं। इन कार्यों के लिए मानदंड भी प्रचलित मापदंडों अनुसार निर्धारित हैं। इस आधार पर विवेक अग्रवाल ने सुलेमान से यह राहत मांगी है कि इस प्रकृति के कामों में ठेकेदारों से राशि एवं बैंक गारंटी जमा न किए जाने संबंधित आदेश प्रसारित करें।