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ठेकेदार की मनमानी पर एक्सटेंशन का खेल, ओपन जेल निर्माण में लेटलतीफी का दौर जारी

समय सीमा, बीता निर्माण कार्य अधूरा, कंपनी को 3 बार एक्सटेंशन मिला

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सतना

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Suresh Mishra

Dec 31, 2017

the second open state prison in satna madhya pradesh

the second open state prison in satna madhya pradesh

सतना। सेंट्रल जेल में तय क्षमता से ज्यादा बंदियों के बंद होने से आेवर क्राउड की समस्या निरंतर बनी है। फिर भी निर्माण कार्य में लेटलतीफी का दौर जारी है। जिसमें ओपन जेल को खोलने का मामला भी ठंडे बस्ते में है। ओपन जेल का निर्माण कार्य एबीसी संविदा कंपनी को अब तक 3 बार एक्सटेंशन मिल चुका है। बावजूद निर्माण कार्य अधूरा है।

जानकारों की मानें तो एक बार फिर संविदा कंपनी को निर्माण के मामले में राहत दी गई है। अक्टूबर में ओपन जेल का कार्य पूरा कर जेल प्रबंधन को सुपुर्द करना चाहिय था, लेकिन अब तक एेसा नहीं हो सका।

4 करोड़ 29 लाख लागत
पीआईयू के जानकारों की मानें तो आेपन जेल को 4 करोड़ 29 लाख की लागत से बनाया जा रहा है, लेकिन विभाग द्वारा वित्तीय मामलों पर लापरवाही बरती गई। इसके चलते संविदा कंपनी ने बीच में कार्य रोक दिया था। साथ ही एक्सटेंशन भी दिया गया।

25 कमरों की जेल
जानकारों की मानें तो प्रदेश की दूसरी आेपन जेल का निर्माण कार्य यहां संचालित है। इस योजना के तहत 25 कमरे बनाए जा रहे हैं। इन कमरों में वही कैदी अपने परिवार के साथ रह सकेंगे जो जेल के मापदंडों पर खरे उतरेंगे। एेसे कैदियों की सूची 5 अधिकारियों की कोर कमेटी तय करेगी।

15 फीसदी काम अभी भी अधूरा
ओपन जेल का निर्माण कार्य 15 फीसदी शेष है। मामले में नोडल एजेंसी पीआईयू की लापरवाही भी सामने आ रही है। ठेका कंपनी को हर बार एक्सटेंशन के नाम पर समय दे दिया जाता है।

26 जनवरी की उम्मीद
कयास लगाय्ए जा रहे हैं कि 26 जनवरी पर ओपन जेल को हैंडआेवर किया जा सकता है। इससे पहले कार्य पूरा करने की बात विभाग द्वारा कही जा रही है।

पीआईयू को पत्र लिख चेताया जाएगा
अक्टूबर तक निर्माण कार्य पूरा करना था। अभी लगभग 15 फीसदी बकाया है। नोडल एजेंसी को निगरानी करनी चाहिए। पीआईयू को पत्र लिख चेताया जाएगा।
बीवी शुक्ला, प्रभारी जेल अधीक्षक

26 जनवरी तक आेपन जेल को प्रबंधन को सौंप देंगे। कुछ कार्य शेष है। बाकी करवा दिया गया है।
एलके शुक्ला, उपयंत्री, पीआईयू