
बीसलपुर के 17 गेट खोलने के बाद बढ़ा बनास का जलस्तर, पानी में फंसे 40 से अधिक लोगों को बचाया गया
मलारना डूंगर.
बीसलपुर बांध ( bisalpur dam water level ) में पानी की आवक जारी है और लगातार पानी निकासी से बनास नदी ( banas river ) उफान पर है। ऐसे में दर्जनों गांवों में जलभराव के साथ ही कई गांव टापू बन गए हैं। जिससे वहां मौजूद दर्जनों परिवार पानी में फंस गए। उपखंड के बाढ़ बिलोली कांटडा (कीरो की ढाणी) में एसडीआरएफ की टीम ने मोर्चा संभाला। सोमवार को उपजिला कलक्टर की अगुवाई में एसडीआरएफ ( SDRF TEAM ) के जवानों ने कीरो की ढाणी में फंसे 40 से ज्यादा लोगों को 3 घंटे से ज्यादा रेस्क्यू के बाद सुरक्षित ( SDRF team rescue) बाहर निकाला।
बनास का जलस्तर बढऩे से पानी ढाणी में आया पानी
एसडीएम मनोज वर्मा ने नाव बैठकर प्रभावित लोगों से समझाइश की और एसडीआरएफ की मदद से बनास नदी से लोगों को बाहर निकाला। गौरतलब है कि बनास नदी के बीचों-बीच टापू पर बसी कांटडा कीरो की ढाणी में बीसलपुर बांध के गेट खोलने के बाद 30 से ज्यादा परिवार फंस गए थे। इनमें से अधिकांश लोगों को रविवार को समझाइश कर बाहर निकाल लिया गया था। इसके बावजूद कुछ लोग ढाणी में ही डटे रहे। रविवार दोपहर बाद बीसलपुर के 17 गेट खोल कर पानी की निकासी की तो अचानक बनास का जलस्तर बढऩे से पानी ढाणी में घुसने लगा।
लोगों को राजकीय विद्यालय में ठहराया गया ( Banas river SDRF Search operation )
जिला प्रशासन की चेतावनी के बाद अलर्ट मोड पर रहकर काम कर रहे हलका पटवारी प्रेमराज गुर्जर की रिपोर्ट पर सोमवार सुबह एसडीआरएफ ( SDRF ) टीम ने मौके पर पहुंच कर ढाणी में फंसे लोगों को निकालने का कार्य शुरू किया। बाढ़ प्रभावित क्षेत्र कीरो की ढाणी के लोगों को मलारना स्टेशन राजकीय आदर्श उच्च माध्यमिक विद्यालय में ठहराया गया है।
Updated on:
16 Sep 2019, 8:59 PM IST
Published on:
16 Sep 2019, 8:57 PM IST
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