कई महाविद्यालयों में पत्र वाचन
अग्रवाल कन्या महाविद्यालय में प्राचार्य के पद पर कार्यरत डॉ. बृजेन्द्रसिंह गुर्जर ने कई महाविद्यालयों में पत्रवाचन किया है। उन्होंने 'नीति शतकम्Ó और हितोपदेश का लेखन किया है। ईशावास्योपनिषद का लेखन जारी है। गुर्जर ने संस्कृत विभाग राजस्थान विश्वविद्यालय, जी. डी. कॉलेज अलवर, राजकीय महाविद्यालय श्रीगंगानगर, राजस्थान विश्वविद्यालय, गुरुकुल कांगड़ी विश्वविद्यालय हरिद्वार, महर्षि दयानंद विश्वविद्यालय अजमेर में विभिन्न विषयों पर पत्र वाचन कर नई दिशा दिखाई है। उन्हें उल्लेखनीय कार्य के लिए सरकारी व गैर सरकारी संगठनों की ओर से सम्मानित कर प्रशस्ति पत्र भी प्रदान किए गए है।