सवाईमाधोपुर. यूं तो हमारा जिला रणथम्भौर राष्ट्रीय उद्यान के कारण विश्व भर में बाघों की नगरी के नाम से जाना जाता है। लेकिन यहां रणथम्भौर के अतिरिक्त और भी कई पर्यटन स्थल है जो पर्यटकों के लिए आकर्षण का केन्द्र हैं। इनमें से एक है रामसिंहपुरा स्थित राजीव गांधी क्षेत्रीय प्राकृतिक संग्रहालय। यहां ऑफ सीजन के दॉैरान भी पर्यटकों की आवक बनी रहती है।
2014 में हुआ था उद्घाटन
संग्राहलय का उद्घाटन तात्कालीन उपराष्ट्रपति हामिद अंसारी ने 2014 में किया था। संग्रहालय में पर्यटकों के लिए रणथम्भौर के वन्य जीवों, राजस्थानी संस्कृति, जलीय व मरूसथलीय जीवों के जीवन चक्र आदि जानकारियों को अपने में समेटने वाली करीब 6 गैलरी है जिनसे लोगों व पर्यटकों को वन्य व अन्य प्रकार के जीवों के बारे में जानकारी मिलती है।
42 करोड का है प्रोजेक्ट
राजीव गांधी संग्रहलाय के विकास का पूरा प्रोजेक्ट 42 करोड का है। अब तक संग्राहलय के निर्माण पर 20 करोड रुपए खर्च किए जा चुके हैं। आगामी दिनों में अब संग्रहालय के द्वितीय तल पर भी गैलरी विकसित करने की योजना बनाई जा रही है।
सीपीडब्ल्यूडी करती है संचालन
संग्रहालय का संचालन केन्द्र साकार के सैण्ट्रल पब्लिक वर्क डीवीजन(सीपीडब्ल्यूडी) की ओर से किया जा जाता है। यहां पुस्तकालय की सुविधा भी उपलब्ध है। देश में वर्तमान में चार प्राकृतिक संग्रहालय है। अब दिसम्बर में मैसूर में एक और संग्रहालय शुरू होने वाला है।