8 फ़रवरी 2026,

रविवार

Patrika Logo
Switch to English
home_icon

मेरी खबर

video_icon

शॉर्ट्स

epaper_icon

ई-पेपर

Rajasthan : खेल संघों में पदाधिकारियों पर अब गिरेगी गाज, विभाग ने दिया 2 महीने का समय, नहीं तो मान्यता होगी रद्द

Rajasthan News : प्रदेश में लंबे समय से खेल संघों पर कब्जा जमा कर बैठने वाले पदाधिकारियों की अब छुट्टी होने वाली है। राज्य सरकार जल्द ही नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेंट कोड-2011 लागू करने जा रही है।

2 min read
Google source verification

Rajasthan News : प्रदेश में लंबे समय से खेल संघों पर कब्जा जमा कर बैठने वाले पदाधिकारियों की अब छुट्टी होने वाली है। राज्य सरकार जल्द ही नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेंट कोड-2011 लागू करने जा रही है। खेल संघ फेडरेशन में अब 25 फीसदी सक्रिय खिलाड़ी जरूरी होंगे। इस कारण वर्षों से जमे पदाधिकारियों पर गाज गिरेगी।

दरअसल, भारतीय ओलंपिक संघ एवं युवा मामले और खेल मंत्रालय भारत सरकार की ओर से बनाया गया नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेंट कोड-2011 राजस्थान में 13 साल बाद भी लागू नहीं हुआ है। लेकिन अब राज्य के खेल विभाग ने सभी राज्य एवं जिला संघ, फेडरेशन को इसे लागू करने के लिए दो महीने का अल्टीमेटम दे दिया है। लागू नहीं करने पर संघ-फेडरेशन की मान्यता रद्द होगी। जिनका टर्म पूरा हो गया है, उनको अपने पदों से हटना होगा। खेल संघ/एसोसिएशन में 25 फीसदी एक्टिव खिलाड़ी शामिल होना जरूरी होगा।

यह भी पढ़ें : पूर्ववर्ती कांग्रेस सरकार की बनाई नगर पालिकाओं की होगी समीक्षा, सीएम भजनलाल ने दिए निर्देश

अब यह होगा जरूरी
नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेंट कोड-2011 लागू होने के बाद संघ में आठ साल पद पर रहने के बाद 4 साल का ब्रेक लेना जरूरी होगा। साथ ही संघ या एसोसिएशन अध्यक्ष केवल 12 साल तक ही पद पर रह सकेगा। किसी दूसरे संघ में भी पदाधिकारी नहीं बन पाएंगे। उम्र 70 साल से ज्यादा नहीं होनी चाहिए। अगर कोई सरकारी कर्मचारी किसी भी खेल संघ का पदाधिकारी बनता है तो उसे अपने विभाग से एनओसी लेनी होगी।

कोड-2011 लागू करने की यह है मंशा
नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेंट कोड-2011 को लागू करने के पीछे तर्क यह भी है कि खेल संघों में आपसी विवाद चलता रहता है। इसके चलते खेल और खिलाड़ी दोनों परेशान होते हैं। कई खेल संघों के एक ही खेल के दो-दो खेल संघ बना रखे हैं। अब जो खेल संघ या राज्य क्रीडा परिषद, ओलम्पिक संघ या केन्द्रीय खेल मंत्रालय से मान्यता प्राप्त है, जिनका रजिस्ट्रेशन है। उनको ही कोड मिलेगा, बाकी खेल संघ का कोई औचित्य नहीं होगा। खेल संघों को अपनी वार्षिक खेल गतिविधियों, चुनाव, कार्यकारिणी की जानकारी ऑनलाइन करनी होगी।

यह भी पढ़ें : शिक्षकों की ड्यूटी को लेकर हुआ बड़ा बदलाव, अब इस नए मॉड्यूल के माध्यम से ही लगेंगी ड्यूटियां

राजस्थान राज्य क्रीड़ा परिषद के निर्देशानुसार समस्त खेल संघों को नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेन्ट कोड 2011 की पालना करने के निर्देश दिए हैं। भारत सरकार के युवा मामले एवं खेल मंत्रालय की ओर से 31 जनवरी 2011 से सम्पूर्ण भारत में नेशनल स्पोर्ट्स डवलपमेन्ट कोड 2011 को प्रभावी किया है। देशभर में यह कोड प्रचलित एवं लागू है। नियमों की पालना नहीं करने पर संघों के खिलाफ कारवाई होगी।
मीनू सोलंकी, जिला खेल अधिकारी, सवाईमाधोपुर।

बड़ी खबरें

View All

सवाई माधोपुर

राजस्थान न्यूज़

ट्रेंडिंग