सवाईमाधोपुर. वन्यजीवन अचरज और चुनौतियों से भरा हुआ होता है। जं्रगल में ताकत का कानून चलता है। जंगल से आए दिन अचरज भरे मामले सामने आते रहते हैं। गत दिनों जहां रणथम्भौर के जोन छह में रणथम्भौर की उम्र दराज बाघिन टी-39 यानि नूर के पैंथर का शिकार ेकरने के लिए पैंथर के पीछे पेड़ पर चढऩे का मामला सामने आया था। अब रणथम्भौर में ही एक बाघिन द्वारा पैंथर का शिकार का मामला सामने आ रहा है।रणथम्भौर के जोन नौ में एक बाघ द्वारा पैंथर का शिकार किया गया है। हालांकि वन विभाग की ओर से पैंथर का शिकार करने वाली बाघिन कौनसी है इसकी पुष्टि नहीं की गई है। वहीं यह पूरा वाकया रविवार शाम का बताया जा रहा है। रविवार शाम की पारी में भ्रमण पर गए पर्यटकों ने इस नजारे को कैमरे में कैद किया। बाघिन द्वारा पैंथर का शिकार करने का वीडियो सोशल मीडिया पर भी तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि इस संबंध में वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बाघ बाघिन अपने इलाके में किसी अन्य वन्यजीव का दखल सहन नहीं करते है। यह सब जंगल में एक आम बात है।
पहले भी सामने आ चुके हैं मामले
रणथम्भौर में यह कोई पहला मौका नहीं है जब किसी बाघ ने पैंथर का शिकार किया हो इससे पहले भी एक बाघ पैंथर का शिकार कर चुका है वहीं पूर्व में रणथम्भौर के जोन दो में भी अपने इलाके में पैंथर का मूवमेंट देखकर एक बाघ ने पैंथर पर हमला कर दिया था। हालांकि बाद में पैंथर के सरेंडर करने के बाद बाघ ने पैंथर की जान बक्श दी थी।