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सीजन की सबसे ठंडी रात, पारा 3.5 डिग्री दर्ज

पारे में एक डिग्री की गिरावट, पाले से झुलसी चना, मक्का और सब्जी की फसल

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Sehor / ichhour In Jharkhandi village, waste of gram crop was planted.

सीहोर/इछावर. मौसम का सितम लगातार तीसरे दिन भी जारी है। सीजन की सबसे ठंडी रात का पारा 3.5 डिग्री रेकॉर्ड किया गया है। पाला पडऩे से चना, मक्का और सब्जियों की फसल झुलस गई है।

रविवार को इछावर क्षेत्र के एक दर्जन से अधिक गांव में पाले के कारण चना और मक्का की फसल को सबसे ज्यादा नुकसान बताया जा रहा है। यहां पर 25 से 30 फीसदी फसल बर्बाद हो गई है। इससे पहले पिछले साल रात का पारा 18 जनवरी के आसपा 2.7 डिग्री रेकॉर्ड किया गया था। मौसम में फिलहाल सुधार की संभावना नहीं दिख रही है। उत्तर से आ रहीं बर्फीली हवाओं से पूरे मध्यप्रदेश कड़ाके की ठंड पड़ रही है। शीत लहर का प्रकोप बना हुआ है। रविवार को शहर का अधिकतम तापमान 23.7 डिग्री और न्यूनतम तापमान 3.5 डिग्री सेल्सियस रेकॉर्ड किया गया है।

अभी मौसम में सुधार की उम्मीद कम
आरएके कृषि महाविद्यालय के मौसम विशेषज्ञ डॉ. एसएस तोमर ने बताया कि फिलहाल मौसम में सुधार की संभावना नहीं है। पश्चिमी विक्षोभ अभी पाकिस्तान के आसपास बना है। इसके सीहोर, विदिशा, रायसेन सहित पूरे प्रदेश में कड़ाके की ठंड पड़ेगी। 31 दिसंबर के बाद मौसम में सुधार हो सकता है, फिलहाल शीतलहर और कड़ाके की ठंड के कारण फसल और जनजीवन प्रभावित होने की पूरी संभावना बनी हुई है। किसान सुरक्षा की दृष्टि से फसल को पाले से बचाने के लिए उचित उपचार करें।

इछावर में कहां-कहां नुकसान
इछावर. पाले से इछावर ब्लॉक के भाउंखेड़ी, ब्रिजिशनगर, बोरदीकलां, फांगिया, बावडिय़ाचोर, कनेरिया, नादान, गुराड़ी, गाजीखेड़ी, मोगरा, कालापीपल, मुबाड़ा, खेजड़ा, बिछौली, ढ़ाबलामाता, जामली, खेरी, प्रतापपुरा, दुर्गपुरा, जमोनियाहटेसिंह, नापली आदि गांव में सब्जी, चना, गेहूं की फसल मे पाले से काफी नुकसान हुआ है।

अस्पताल में बढ़ी कॉल्ड के मरीजों की संख्या
मौसम के कारण जनजीवन काफी प्रभावित हो रहा है। जिला अस्पताल की ओपीडी में सर्दी, जुकाम, खांसी और उल्टी के मरीजों की संख्या बढ़ गई है। जिला अस्पताल की ओपीडी में 40 फीसदी से ज्यादा मरीज ठंड के कारण बीमार होने वाले पहुंच रहे हैं। कड़ाके की ठंड का असर सबसे ज्यादा बच्चों पर हो रहा है। सुरक्षा की दृष्टि से चिकित्सक मरीजों को ठंड से बचने की सलाह दे रहे हैं।

राजस्व अमले को निगरानी के आदेश
ठंड और पाले को लेकर कलेक्टर ने राजस्व अमले को फील्ड में निगरानी तेज करने के आदेश दिए है। कलेक्टर गणेश शंकर मिश्रा ने बताया कि मौसम को देखते हुए राजस्व अमले को अपने-अपने क्षेत्र में निगरानी करने के निर्देश दिए हैं, फिलहाल कहीं से बड़े नुकसान की शिकायत नहीं मिली है।

पारे की चाल
तिथि न्यूनतम अधिकतम
23 दिसंबर 07.0 27.0
24 दिसंबर 08.0 27.0
25 दिसंबर 07.0 27.0
26 दिसंबर 08.0 25.0
27 दिसंबर 06.0 26.0
28 दिसंबर 04.0 24.0
29 दिसंबर 04.5 23.0
30 दिसंबर 03.5 23.7
(नोट- पारा डिग्री सेल्सियस में)

-क्या बोले किसान...
- तीन एकड़ में चने की बोवनी की थी, तुसार पडऩे से पूरी फसल बर्बाद हो गई। इस बार तो चना की लागत निकला भी मुश्किल लग रहा है। -दिनेश पाटीदार, किसान श्यामपुर

- शीतलहर के कारण फसल पूरी तरह तबाह हो गई। इस वर्ष खरीफ की भी पैदावारी ठीक नहीं हुई थी, किसानों पर डबल मार पड़ी है। -किशनसिंह किसान, मुवाड़ा इछावर

- पहले इल्लियों के कारण और अब ठंड के कारण रबी फसल बर्बाद हो गई है। पाले से सब्जियों को भी जबरदस्त नुकसान पहुंचा है। -विमलेश वर्मा, किसान गाजीखेड़ी इछावर