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जानिए कैसा होता है मौत का कुआं, डर ऐसा कि दूर से निकलते लोग

हादसों के बाद भी दिखा रहे लापरवाही

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सीहोर

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Anil Kumar

Oct 21, 2019

कुआं

कुआं

सीहोर.
शाजापुर जिले में दो दिन पहले बिना मुंडेर के कुएं में स्कूली वाहन के गिरने से हुई बच्चों की मौत से जिला प्रशासन ने सबक नहीं लिया है। सीहोर शहर में आधा दर्जन से अधिक स्थानों पर इस तरह के ही कुएं, बावड़ी हैं, जिनके ऊ पर मुंडेर और सुरक्षा के कोई इंतजाम नहीं है। जिससे आवाजाही करने वाले छात्र-छात्राओं के साथ आमजन के साथ हमेशा हादसे की संभावना बनी रहती है। बावजूद जिम्मेदार इससे अंजान है।

शहर में सीधे हादसों को दावत देने कुएं, बावडिय़ों को बिना सुरक्षा इंतजाम के खुला छोड़ दिया है। जबकि इनके पास से रोजाना स्कूली बच्चों के साथ नागरिकों का आना जाना होता है। वहीं स्कूली वाहन तक यही से निकलते हैं। ऐसे में किसी भी दिन शाजापुर जिले जैसी घटना सीहोर में घटने से इंकार नहीं किया जा सकता है। स्थानीय रहवासी इसकी अफसरों को शिकायत दर्ज करा चुके हैं,उसके बावजूद ध्यान नहीं दिया है। मंडी, इंग्लिशपुरा, मछली पुल, लुनिया चौराहा सहित अन्य जगह पर इस प्रकार की स्थिति देखी जा सकती है। उल्लेखनीय है कि यह कुएं, बावड़ी पिछले दिनों हुई तेज बारिश के चलते लबालब पानी से भरे हुए हंै।

कहां पर है क्या स्थित
केस01: नहीं है मुंडेर के पते, न सुरक्षा इंतजाम
शुगर फैक्ट्री चौराहे के समीप वर्षो पुराना बिना मुंडेर का कुआं हादसे को अंजाम देने की फिराक में है। यह खुली जगह में होने के साथ ही इसके समीप स्थित सड़क से लोगों का आना जाना होता है। ऐसे में उनकी जरा भी नजर हटी की इनमें गिरने में देर नहीं लगेगी। लोगों ने बताया कि लंबें समय से यही स्थिति होने के बाद भी किसी ने सुध नहीं ली है।
केस02: मुख्य चौराहे के नजदीक फिर भी अनदेखी
नेहरू कॉलोनी में पंचमुखी हनुमान मंदिर के समीप भी यही स्थिति बनी हुई है। कुएं के ऊपर एक जाली तरफ का आधा अधूरा सामान जरूर रहा है, लेकिन आधा हिस्सा खुला ही पड़ा है। ऐसे में लोगों को कुएं के समीप से निकलते समय बहुत ही सावधानी बरतना पड़ती है। लोगों का कहना है कि कुएं के आसपास सुरक्षा की दृष्टि से इंतजाम करना चाहिए।
यह होना चाहिए इंतजाम
- कुएं बावड़ी खुले हैं तो उनकी मुंडेर बनाई जाएं।
- सुरक्षा की दृष्टि से ऊपर जाली लगाई जाएं।
- अनुपयोगी कुएं, बावड़ी को मिट्टी, पत्थर से बराबर किया जाएं।
- रहवासी एरिया है तो बच्चों की भी निगरानी की जाएं।
कार्रवाई की जाएगी
यदि कहीं पर कुएं, बावड़ी के ऊपर सुरक्षा के इंतजाम नहीं है तो वहां पर कराएं जाएंगे। इस दौरान कहीं पर लापरवाही सामने आई तो संबंधित पर कार्रवाई की जाएगी।
आदित्य कुमार जैन, एसडीएम सीहोर