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सुरक्षा मांग रहे अधिवक्ताओं ने नहीं की पैरवी

अधिवक्ताओं ने कहा लागू करो सुरक्षा कानून
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सिवनी

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Sunil Vandewar

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Updated: 13 Dec 2017, 12:04 PM IST

Advocates do not demand security

Junk members audio clutter what was the clip

सिवनी. लंबे समय से उठ रही एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट की मांग को लेकर फिर एक बार मंगलवार को जिले के अधिवक्ता सडक़ पर आए। उन्होंने प्रतिवाद दिवस मनाते हुए न्यायालयीन कार्य नहीं किया। सिवनी के अलावा लखनादौन, घंसौर, केवलारी व अन्य जगह पर अधिवक्ताओं ने प्रदर्शन कर ज्ञापन सौंपा। अधिवक्ताओं के कार्य नहीं करने से लोगों को न्यायालय परिसर पहुंचकर अपने प्रकरण सम्बंधी जानकारी पाने दिक्कत का सामना करना पड़ा।
जिला अभिभाषक संघ के बैनर तले एकत्रित हुए सिवनी के अधिवक्ताओं ने जिला एवं सत्र न्यायालय परिसर में जिला एवं सत्र न्यायाधीश के माध्यम से मुख्य न्यायाधिपति उच्च न्यायालय जबलपुर के नाम पत्र सौंपकर अपनी मांग रखी। इसके अलावा मुख्यमंत्री के नाम एसडीएम सिवनी को ज्ञापन सौंपा गया है। इस मौके पर जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष मुकेश अवधिया, सचिव पंकज जैन, विनोद सोनी सहित अन्य की उपस्थिति रही।
ज्ञापन सौंपते अधिवक्ताओं ने प्रोटेक्शन एक्ट की मांग को जरूरी बताते हुए हाल ही के दो प्रकरणों का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि जिला अधिवक्ता संघ भोपाल के सदस्य अधिवक्ता अशोक विश्वकर्मा के साथ ७ दिसंबर को भोपाल में ३ गुण्डों ने मिलकर एडवोकेट यूनिफार्म पहने वकील के साथ पेट्रोल पम्प पर मारपीट कर लहूलुहान कर दिया। आरोपियों को गिरफ्तार कर कार्रवाई की गई है। इसके अलावा एक अन्य प्रकरण रीवा जिले का है। रीवा में अधिवक्ता बीते ४ माह से हड़ताल पर हैं, लेकिन उनकी मांगों पर मप्र उच्च न्यायालय द्वारा विचार नहीं किया गया। इनकी मांगों पर विचार कर उचित निर्णय लिए जाने की अपेक्षा व्यक्त की गई है।
अधिवक्ताओं ने कहा कि भोपाल में अधिवक्ता के साथ हुई घटना से पूरे प्रदेश के अधिवक्ताओं में आक्रोश है। मप्र उच्च न्यायालय द्वारा स्वयं संज्ञान लेकर एक याचिका (स्व. मोटो पीआईएल) के माध्यम से मप्र शासन से अधिवक्ताओं के संरक्षण के लिए एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट का प्रारूप पेश करने के लिए आदेशित किया गया है। इसके बावजूद भी मप्र शासन द्वारा एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट के सम्बंध मं समुचित कार्रवाई नहीं की जा रही है।
ज्ञापन में कहा कि प्रदेश के अधिवक्ताओं के ऊपर हो रहे लगातार हमले एवं मप्र शासन द्वारा एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्ट लागू नहीं किए जाने को लेकर मप्र राज्य अधिवक्ता परिषद के अध्यक्ष के आव्हान पर मंगलवार को पूरे प्रदेश के अधिवक्ता समुदाय ने न्यायिक कार्यों से विरत रहते हुए प्रतिवाद दिवस मनाया है। अधिवक्ताआओं की गरिमा, भावना व सुरक्षा के लिए प्रोटेक्शन एक्ट शीघ्र लागू किए जाने की मांग की है।

केवलारी में अधिवक्ताओं ने सौंपा ज्ञापन

जिला अधिवक्ता संघ भोपाल के सदस्य अधिवक्ता के साथ असामाजिक तत्वो व्दारा की गई मारपीट एवं रीवा में जारी हड़ताल पर पर विचार नहीं किए जाने के विरोध में तथा अधिवक्ताओं की सुरक्षा के लिए एडवोकेट प्रोटेक्शन एक्टलागू किए जाने की मांग की है। अधिवक्ता संघ के सचिव रामकृष्ण बघेल ने बताया कि केवलारी अधिवक्ता संघ के समस्त अधिवक्ताओं ने मंगलवार को प्रतिवाद दिवस मनाते हुए उचित निर्णय लिए जाने के लिए एक लिखित हस्ताक्षर युक्त ज्ञापन न्यायाधिपति मध्य प्रदेश उच्च न्यायालय जबलपुर एवं मुख्यमंत्री मप्र शासन भोपाल के नाम मंगलवार को तहसीलदार ज्योति ढोके को सौंपा है। इस अवसर पर अधिवक्ता संघ के सदस्यों की उपस्थिति रही।

न्यायालयीन कार्यों से विरत रहे घंसौर के अधिवक्ता

मध्य प्रदेश राज्य अधिवक्ता परिषद के प्रदेशव्यापी आव्हान पर घंसौर में अधिवक्ताओं ने प्रतिवाद दिवस मनाया। तहसील मुख्यालय घंसौर में भी अधिवक्ताओं द्वारा प्रतिवाद दिवस मनाते हुए अनुविभागीय राजस्व अधिकारी घंसौर रजनी वर्मा को ज्ञापन सौंपा गया।
सौंपे गए ज्ञापन में बताया गया कि अधिवक्ताओं के साथ हो रही लगातार वारदातों को देखते हुए प्रतिवाद दिवस के रूप में मनाने अधिवक्ता आंदोलनरत रहते हुए न्यायालीन कार्य से विरत रहे। प्रतिवाद दिवस पूर्णत: शांतिपूर्ण एवं दृढ़ता के साथ मनाया गया। ज्ञापन सौंपने मुख्य रूप से अधिवक्ता रघुराज यादव, विक्रांत श्रीवास्तव, प्रमोद ढकेता, नोखे गोल्हानी, अमित तिवारी, उमेश सेन, महेन्द्र सोलंकी, देवेन्द्र चक्रवर्ती सहित अन्य अधिवक्तागण उपस्थित रहे।