
शहडोल- सोशल मीडिया बड़ी तेजी के साथ लोगों के बीच में अपनी जगह बना रहा है, आजकल जिस हाथ में देखो वहीं स्मार्टफोन, जिसे देखो वही व्हाट्सएप, फेसबुक, ट्विटर और कई सोशल मीडिया के
संसाधन इस्तेमाल कर रहा है। अक्सर देखा जाता है कि सोशल मीडिया में कुछ अच्छी चीजों के साथ-साथ कई बुरी चीजें भी वायरल हो जाती हैं। क्योंकि इसके लिए कोई सेंसरशिप नहीं है।
लेकिन अब अगर आप ऐसा कुछ सोच रहे हैं तो सावधान हो जाइए, क्योंकि अगर आपने इस जिले में सोशल मीडिया में कोई भी ऐसा मैसेज किया जिससे सोशल मीडिया पर धार्मिक भावनाएं भड़कती हैं, तो फिर ऐसा करने वाले पर सख्त कार्रवाई होगी।
जानिए सोशल मीडिया पर कलेक्टर ने क्या कहा ?
शहडोल जिले के कलेक्टर नरेश पाल द्वारा जारी आदेश में कहा गया है कि सोशल मीडिया में धार्मिक भावनाओं को चोट पहुंचाए जाने वालों पर सख्त कार्यवाई की जायेगी। कलेक्टर ने जारी आदेश में कहा है कि डिजिटल इण्डिया के दौर में सोशल मीडिया पर व्यक्तियों की अभिव्यक्ती स्वतंत्रता महत्वपूर्ण हैं किंतु कई बार इसके उपयोग में सावधानी नहीं बरतने से कानून व्यवस्था की स्थितियां भी निर्मित हो जाती हैं। सोशल मीडिया पर कई ग्रुप बने हुए हैं जिन्हें समाचार समूह के नाम दिये जा रहे हैं और समाचार तथा अन्य जानकारियों का प्रचार-प्रसार भी कर रहे हैं।
किंतु यह भी देखा जा रहा है कि सोशल मीडिया में बने समूह जो समाचार या तथ्य प्रेषित कर रहे हैं जिसकी सत्यता प्रमाणित नहीं रहती है, कई तथ्य बिना पुष्टि के सीधे कट पेस्ट कर अग्रेषित किये जा रहे हैं, कुछ लोगों द्वारा व्हाट्सएप एवं फेसबुक पर तरह-तरह के आपत्तिजनक संदेश एवं चित्रों व वीडियो, आडियो मैसेज का प्रसारण कर शांति व्यवस्था के विरुद्ध वातावरण निर्मित करने जैसे संदेशों का प्रसारण एवं उन पर भ्रामक तथा अश्लील कमेंट्स भी हो रहे हैं।
इससे शहडोल जिले की शांति व्यवस्था के लिये प्रतिकूल स्थितियां निर्मित हो रही हैं। अगर इस प्रकार के अफवाह भरे वक्तव्य, अभिव्यक्ति, समाचार, चुटकुले, फोटो, वीडिया इत्यादि प्राप्त होते हैं तो इसकी जानकारी नजदीकी पुलिस थाने में या पुलिस कंट्रोल रूम के फोन नम्बर डायल 100, 0765-245898 पर दी जाए।
Published on:
09 Apr 2018 02:23 pm
Copyright © 2026 Patrika Group. All Rights Reserved.
