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ट्यूशन नहीं पढ़ा तो एग्जाम में कर दिया फेल, डिप्रेशन में आए छात्र ने काटी हाथ की नस

आरोप है कि स्कूल प्रबंधन छात्रों पर स्‌कूल टीचर से ही ट्यूशन पढ़ने का दबाव डालता था।

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शाहजहांपुर। स्कूल प्रशासन की शर्मनाक करतूत सामने आई है। स्कूल के अध्यापकों से ट्यूशन न पढ़ने पर दर्जनों बच्चों को फेल कर दिया गया। फेल होने से डिप्रेशन में आये छात्र ने स्कूल के क्लास रूम में हाथ की नास काटकर आत्महत्या करने का प्रयास किया। परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन की लापरवाही के चलते छात्र घंटोंं स्कूल में बेहोशी की हालत में पड़ा रहा लेकिन किसी ने अस्पताल पहुंचाने की कोशिश नहीं की। परिजनों के पहुंचने पर छात्र को अस्पताल मेंं भर्ती कराया गया। अभिभावक ने पूरे मामले की शिकायत डीआईओएस से लेकर डीएम तक की लेकिन दबंग और ऊंची पहुंच के चलते किसी पर कोई कार्रवाई नहीं की गई। वहीं दोषियों के खिलाफ कोई कार्रवाई न होने से व्यथित परिजनों ने छात्र के साथ कार्यालय के सामने आत्मदाह करने की चेतावनी दी है। फिलहाल मामला तूल पकड़ने के बाद अब जिला प्रशासन ने मामले की जांच शुरु कर दी है।

क्या है पूरा मामला

थाना सदर बाजार के रेलवे कॉलोनी निवासी एके गौतम का बेटा आयुष गौतम सेंट पॉल स्कूल में कक्षा 11 का छात्र है। परिजनों का आरोप है स्कूल टीचर शैलेन्द्र सिंह लगातार ट्यूशन पढ़ने का दबाव डाल रहे थे लेकिन छात्र स्कूल के बाहर कोचिंग कर रहा था जिसके चलते कई बार अध्यापकों ने धमकी दी थी अगर स्कूल के टीचर से कोचिंग नहीं पढ़ोगे तो एग्जाम में फेल कर दिया जायेगा। जब रिजल्ट आने पर आयुष सहित दर्जनों बच्चों को फेल कर दिया गया। आरोप है कोंचिन न पढ़ने वाले छात्रों की लिस्ट बनाई गई जिसके बाद सबको फेल कर दिया गया। फेल होने के बाद आयुष ने खाना पीना छोड़ दिया और डिप्रेशन में आकर क्लास मेंं अपनी हाथ की नस काट ली। खून से लथपथ छात्र घंटों स्कूल में पड़ा तड़पता रहा लेकिन स्कूल प्रबंधन ने छात्र को अस्पताल तक पहुंचाने की जहमत नहीं उठाई। सूचना पर पहुंचे परिजनों ने इलाज के लिए छात्र को अस्पताल में भर्ती कराया। घटना के खुलासे के बाद दर्जनों छात्र छात्राओं के परिजनों ने डीआईओएस, एसपी से लेकर डीएम तक गुहार लगाई लेकिन स्कूल प्रशासन की ऊंची पहुंच के चलते कोई कार्रवाई नहींं हुई जिससे नाराज परिजनों ने डीआईओएस कार्यालय के सामने सामूहिक आत्मदाह की धमकी दी है।

एडीएम ने दिए जांच के आदेश

वहीं परिजनों का आरोप है कि जब वह स्कूल प्‌रशासन की शिकायत करने डीआईओएस अशोक कुमार के पास पहुंचे तो उन्होंने जमकर बदसलूकी की और उनको धक्के मार कर ऑफिस ने निकाल दिया। फिलहाल मामला तूल पकड़ता देख अपर जिला अधिकारी जितेंद्र शर्मा ने जांच के आदेश दिए हैं।