क्षेत्र में हजारों व्यवसायी किसानों की आड़ में शासन से अनुदान प्राप्त कर ट्रैक्टर-ट्राली खरीदकर उसका पंजीयन कराकर वाहन का उपयोग रेत, गिट्टी, ईंट, बजरी, मिट्टी ढुलाई सहित अन्य व्यवसायिक कार्यों में करते चले आ रहे हैं, जिससे शासन को तो चूना लग ही रहा है, साथ ही आए दिन हादसे भी हो रहे हैं। बावजूद इसके न केवल शहर बल्कि बड़ौदा, विजयुपर कराहल आदि क्षेत्रों में व्यापारियों द्वारा खुले आमआम ट्रैक्टर-ट्रॉलियों का व्यवसायिक उपयेाग हो रहा है।