
जिले में कोरोना की फिर दस्तक शुरू
शिवपुरी. जिले में एक बार फिर कोरोना मरीजों के मिलने का सिलसिला शुरू हो गया। मंगलवार को जहां शहर की नरेंद्र नगर कॉलोनी में रहने वाले एक द्पती रेपिड किट से हुई जांच में पॉजीटिव निकले, वहीं सोमवार को नरवर के खिरिया गांव में रहने वाला 5 माह का मासूम बालक भी कोरोना पॉजीटिव निकलने से अब तीसरी लहर की आशंका और भी अधिक प्रबल हो गई। शिवपुरी में तीन कोरोना मरीज पहले ही चिह्नित हो चुके हैं, ऐसे में यदि कहा जाए कि जिले में कोरोना ने फिर दस्तक दे दी है, तो कोई अतिश्योक्ति नहीं होगी। इन हालातों के बीच बाहर से आने वाले लोगों को लेकर प्रशासन का अलर्ट अब जरूरी हो गया, ताकि दूसरे संक्रमित क्षेत्रों से आने वाले लोगों की मॉनीटरिंग की जाकर उन्हें परिवार व अन्य लोगों से सेपरेट करके संक्रमण को बढऩे से रोका जा सके।
पहली लहर के दौरान कोरोना ने जब प्रदेश में दस्तक दी थी तो शिवपुरी दूसरा जिला था, जहां कोरोना पॉजीटिव मरीज मिला था। उसके बाद जब दूसरी लहर आई तो शिवपुरी में लगभग चार सैकड़ा लोगों की जान चली गई थी, अब जबकि तीसरी लहर आने की आशंका जताई जा रही है, तो जिले में फिर से कोरोना मरीज मिलना शुरू हो गए। शिवपुरी शहर सहित करैरा व अमोला में कोरोना पॉजीटिव मिलने के बाद शहर की नरेंद्र नगर कॉलोनी में रहने वाले दंपत्ति विनोद श्रीवास्तव (70) व रामकली (66) भी रेपिड किट की जांच में पॉजीटिव आए हैं। बताते हैं कि यह दंपत्ति कुछ दिन पूर्व ही कर्नाटक से आए हैं और तबियत बिगडऩे पर जब सैंपल जांच हुई तो पॉजीटिव निकल आए। इस तरह शिवपुरी जिले में अभी तक कोरोना के पांच एक्टिव केस हो गए, जबकि हर बार की तरह स्वास्थ्य विभाग के आंकड़ों में अभी दो एक्टिव केस ही दर्शाए जा रहे हैं।
मासूम के मामले में जिम्मेदार भी अनभिज्ञ
अंचल में कंटेनमेंट एरिया बनाने की जिम्मेदारी संभालने वाले जिला मलेरिया अधिकारी लालजू शाक्य से जब पूछा तो वे बोले कि आज हमने खबर पढऩे के बाद अपनी टीम को वहां सक्रिय कर दिया था, लेकिन अभी तक हमारे पास कोई अपडेट नहीं आई है। आपने हमें अब नाम बता दिया है, तो हम अपनी टीम को यह इनपुट देकर उस परिवार के घर को कंटेनमेंट एरिया बना देते हैं।
बच्चे की दो जांच नेगेटिव आईं
पांच माह का मासूम कपिल पुत्र लालसिंह बाथम नरवर के समोहा डैम के पास एक मझरे में रहने वाला है तथा वो मोहनगढ़ भितरवार अपने मामा के यहां रहता है। उक्त जानकारी देते हुए नरवर बीएमओ डॉ. आरआर माथुर ने बताया कि डबरा में हुई जांच में कपिल संदिग्ध पाया गया था, जिसकी नरवर में दो जांच हुईं, जिसमें वो नेगेटिव निकला तथा अभी भी वो अपने मामा के यहां है।
बहू की डिलेवरी कराने गया था, निकला पॉजीटिव
अमोला क्रमांक-4 में रहने वाले बालकिशन लोधी सोमवार को आई जांच रिपोर्ट में कोरोना पॉजीटिव निकले तो परिजनों ने उन्हें अमोलपठा स्थित अपने खेत के कुएं पर शिफ्ट करवा दिया। मंगलवार को करैरा की स्वास्थ्य टीम ने परिवारजनों के सैंपल भी लिए। बालकिशन के पुत्र पुष्पेंद्र का कहना है कि मेरी पत्नी की डिलेवरी हुई थी तो मेरे पिताजी सरकारी अस्पताल में देखने गए थे, तो वहां पर उनकी जांच कर ली गई थी। उस जांच में पता चला कि उन्हें कोरोना निकला है, जबकि उन्हें सर्दी-जुकाम आदि कुछ भी नहीं है।
नरवर का मासूम भी निकला पॉजीटिव, स्वास्थ्य विभाग अनभिज्ञ
कोरोना की तीसरी लहर बच्चों को प्रभावित करेगी, इस तरह की आशंका पूर्व में ही जताई जा रही थी, लेकिन सोमवार को भितरवार ग्वालियर के तीन बच्चों सहित शिवपुरी जिले की नरवर तहसील के ग्राम खिरिया में रहने वाला पांच माह का मासूम बालक भी जांच में कोरोना पॉजीटिव निकला। इस बच्चे के परिजनों का भी सैंपल टेस्ट करवाया गया, लेकिन वो सभी नेगेटिव निकले हैं। बच्चे को पहले जिला अस्पताल में भर्ती कराए जाने की सूचना मिली, लेकिन जिला अस्पताल के सिविल सर्जन डॉ. राजकुमार ऋषिश्वर ने इस तरह का कोई भी कोरोना पॉजीटिव बच्चा अस्पताल लाए जाने की बात से इंकार किया है। ऐसे में बड़ा सवाल यह है कि आखिर जो पांच माह का मासूम डबरा (ग्वालियर) में हुई जांच में कोरोना पॉजीटिव निकला है, उसे कहां पर भर्ती कराया गया?। बड़ा सवाल यह है कि जब यह पहले ही कहा जा चुका है कि तीसरी लहर से बच्चे अधिक प्रभावित होंगे, और पांच माह का एक मासूम जब जांच में पॉजीटिव निकला है, तो फिर उसका इलाज और मॉनीटरिंग करने की बजाय स्वास्थ्य विभाग क्यों उसमें पर्देदारी कर रहा है?। जबकि इन हालातों में तो नरवर के उस गांव सहित आसपास के एरिया में भी अलर्ट जारी कर बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण कराया जाना जरूरी हो गया है।
Published on:
20 Jul 2021 10:42 pm
बड़ी खबरें
View Allशिवपुरी
मध्य प्रदेश न्यूज़
ट्रेंडिंग
