script संदिग्ध हालत में जहर गटकने से आरक्षक की पत्नी की मौत | Mother's side accused constable and family members of murder | Patrika News

संदिग्ध हालत में जहर गटकने से आरक्षक की पत्नी की मौत

locationशिवपुरीPublished: Oct 25, 2023 02:18:59 pm

Submitted by:

sanuel Das

 

संदिग्ध हालत में जहर गटकने से आरक्षक की पत्नी की मौत
मायके पक्ष ने आरक्षक व परिजनो ने लगाए हत्या के आरोप

संदिग्ध हालत में जहर गटकने से आरक्षक की पत्नी की मौत
संदिग्ध हालत में जहर गटकने से आरक्षक की पत्नी की मौत
संदिग्ध हालत में जहर गटकने से आरक्षक की पत्नी की मौत
मायके पक्ष ने आरक्षक व परिजनो ने लगाए हत्या के आरोप
शिवपुरी। पुलिस लाइन में पदस्थ एक आरक्षक की पत्नी ने बीते रोज संदिग्ध हालत में जहर गटककर अपनी जान दे दी। बड़ी बात यह है कि पत्नी के पीएम के समय न तो आरक्षक आया और न ही उसके परिजन। मायके पक्ष के लोगों ने पूरे मामले में आरक्षक व उसके परिजनो पर उनकी बेटी को जहर देकर मारने का आरोप लगाया है। फिलहाल पुलिस ने मर्ग कायम कर मामले की जांच शुरू कर दी है।
जानकारी के मुताबिक पुलिस लाइन में पदस्थ आरक्षक चक्रपाल जादौन अपनी पत्नी व परिजनो के साथ कत्थामिल के पास तुलसी कॉलोनी में रहता है। सोमवार की सुबह आरक्षक की पत्नी बेबी जादौन ने संदिग्ध हालत में जहर गटक लिया। पड़ौसियों ने बेबी को मेडिकल कॉलेज भर्ती कराया। यहां पर इलाज के दौरान बेबी की मौत हो गई। बड़ी बात यह रही कि पत्नी की मौत पर न तो आरक्षक अस्पताल पहुंचा और न ही उसके परिजन आए। मामले की सूचना बेबी के मायके पक्ष के लोगों को दी जिस पर से वह आगरा से शिवपुरी आए और फिर पुलिस ने बेबी के भाई हरिओम की मौजूदगी में शव का पीएम कराया। हरिओम ने आरोप लगाए है कि उसके जीजा चक्रपाल व उसके परिजनो ने ही मिलकर उसकी बहन की हत्या की है।
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बच्चें नही हुए तो पड़ौसी की बेटी को लिया था गोद
यहां बता दें कि चक्रवाल व बेबी के ९ साल बाद भी कोई संतान नही थी। इस पर से उन्होने कुछ साल पूर्व पड़ोसी की एक बालिका को गोद लिया था। उस ६ साल की बालिका ने भी अपने बयानों ने बताया है कि पापा ने पहले मम्मी से मारपीट की और फिर जहर खिला दिया। चक्रपाल की शादी २०१५ में हुई थी और २०१७ में चक्रपाल की पुलिस में नौकरी लगी। नौकरी लगने के बाद से चक्रपाल व उसके परिजन आए दिन बेबी को पैसो के लिए परेशान कर रहे थे। हमने बाद में तीन लाख रुपए मकान बनाने के लिए चक्रपाल को भी दिए, लेकिन इसके बाद भी पैसो की डिमांड बंद नही हुई।
यह बोले प्रभारी
-हमने मर्ग कायम कर लिया है। बयानों में जो आएगा, उसके हिसाब से आगे की कार्रवाई की जाएगी। वैसे भी इस मामले की जांच एसडीओपी साहब करेंगे।
विनय यादव, टीआई, कोतवाली।

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