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बरावफात के जुलूस को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट, तैनात किए गए मजिस्ट्रेट

जिला प्रशासन ने शांति व सुरक्षा का खाका तैयार कर लिया है जिससे किसी भी प्रकार की स्थिति से निपटा जा सके।

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Barawfat Procession

बरावफात का जुलूस

सिद्धार्थनगर. निकाय चुनाव एक दिसम्बर को चुनाव परिणाम आने के ठीक दूसरे दिन बरावफात के जुलूस को लेकर जिला प्रशासन अलर्ट हो गया है। कहीं पर कोई गड़बड़ी अथवा विवाद न हो इसके लिए जिला प्रशासन ने शांति व सुरक्षा का खाका तैयार कर लिया है जिससे किसी भी प्रकार की स्थिति से निपटा जा सके। इसके लिए कार्यकारी मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई है।

एक दिसम्बर को निकाय चुनाव का परिणाम आने के बाद दो दिसम्बर को बरावफात के जुलूस निकाला जाएगा। बरावफात का जुलूस मजिस्ट्रेटों की निगरानी में मनाया जाएगा। इसके लिए जिलाधिकारी ने थानावार कार्यकारी मजिस्ट्रेटों की तैनाती की है। जो पहले से ही शांति व्यवस्था का जायजा लेने के साथ ही शांतिपूर्ण माहौल में सपन्न कराने का खाका तैयार करेंगे। किसी भी प्रकार के विवाद की स्थिति में मजिस्ट्रेट ही जिम्मेदार होंगे।

मजिस्ट्रेटों के साथ ही सम्बंधित क्षेत्र के क्षेत्राधिकारियों को भी भ्रमणशील रहने का निर्देश दिया गया, जिससे कि किसी भी प्रकार की परेशानी खड़ी न होने पाए। बरावफात के जुलूस के लिए 19 कार्यकारी मजिस्ट्रेटों की तैनाती की गई है। जिनको क्षेत्रों में शांति व सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इसके अलावा सभी उपजिला मजिस्ट्रेट व क्षेत्राधिकारी संयुक्त रूप से क्षेत्र में भ्रमणशील रहते है शांति व्यवस्था काम देखेंगे।

डीएम ने तैनात किए गए अधिकारियों को निर्देश दिया है कि जगह-जगह कड़ी चौकसी एवं सतर्कता के लिए सभी की जिम्मेदारी तय की है। सभी लोग अपने अपने क्षेत्रों व उप मंडलों में सभी संवेदनशील स्थानों की आवश्यक निरीक्षण करने का निर्देश दिया है। साथ ही सभी प्रकार के स्थितियों की जानकारी जुटाने का निर्देश दिया है जिससे कि पूर्व में किसी भी प्रकार के विवाद आदि की स्थिति से निपटा जा सके।

डीएम ने एसडीएम व सीओ से ऐसे स्थानों की विशेष निगरानी करने को कहा है जहां पर अधिक भीड़ जुटती है तथा क्षेत्र किन्हीं कारणों से संवेदनशील है। ऐसे स्थानों को चिन्हित कर वहां की विशेष रूप से निगरानी की जाय। साथ ही साम्प्रदायिक सौहार्द बिगाड़ने वाले असामाजिक तत्वों पर सतर्क दृष्टि रखते हुए जरूरत के आधार पर उनके खिलाफ कार्रवाई भी सुनिश्चित की जाय। डीएम ने अफसरों को चेताते हुए कहा है कि इस कार्य में किसी भी प्रकार की लापरवाही क्षम्य नहीं होगी।

इन्हें मिली कार्यकारी मजिस्ट्रेट की जिम्मेदारी

तहसीलदार नौगढ़ को तेतरी बाजार, खण्ड विकास अधिकारी को मोहाना, खण्ड विकास अधिकारी लोटन को लोटन, नायब तहसीलदार को उस्का व जोगिया, खण्ड विकास अधिकारी को उस्का, सहायक निदेशक बचत को कपिलवस्तु, तहसीलदार शोहरतगढ़ को शोहरतगढ़, खण्ड विकास अधिकारी बढ़नी को बढ़नी व ढेबरूआ, भूमि संरक्षण अधिकारी को चिल्हियां, तहसीलदार बांसी को तिलौली, मिठवल व बांसी, नायब तहसीलदार बांसी को पथरा बाजार, खण्ड विकास अधिकारी मिठवल को बरांव नानकार, गोल्हौरा, खण्ड विकास अधिकारी खेसरहा को खेसरहा, तहसीलदार डुमरियागंज को हल्लौर व डुमरियागंज, नायब तहसीलदार डुमरियागंज को जबजौवा व भवानीगंज, खण्ड विकास अधिकारी डुमरियागंज को बिथरियां व भवानीगंज, तहसीलदार इटवा को इटवा कस्बा व इटवा क्षेत्र, नायब तहसीलदार इटवा को विस्कोहर व त्रिलोकपुर, खण्ड विकास अधिकारी इटवा को मिश्रौलिया का कार्यकारी मजिस्ट्रेट बनाया गया है। सभी को शांति व सुरक्षा की जिम्मेदारी सौंपी गई है।